- पूर्व प्रधानमंत्री स्व. लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा के पीछे वाली मार्केट खाली कराने का मामला
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: रैपिड रेल का कार्य बेगमपुल पर बाधित हो रहा है। इसकी वजह है पूर्व प्रधानमंत्री स्व. लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा के पीछे वाली मार्केट खाली कराने का मामला। यहां व्यापारियों ने दो टूक कह दिया कि पहले शिफ्ट करेंगे, फिर दुकान खाली की जाएगी।
क्योंकि दो अलग-अलग स्थानों पर एनसीआरटीसी दुकानें दे रहा हैं, जहां पर व्यापारी बेगमपुल जैसे महत्वपूर्ण स्पॉट को छोड़कर जाना नहीं चाहते। क्योंकि शिफ्ट करने पर व्यापारियों के कारोबार भी प्रभावित होंगे। अब प्रशासनिक अफसरों से बातचीत कराई जा रही है, ताकि रैपिड रेल के निर्माण में जो बाधाएं आ रही है, उन्हें दूर कराया जा सके। पिछले एक माह से एनसीआरटीसी ने यहां पर वाहनों का डायवर्जन कर रखा है।
इसको लेकर हर रोज जाम की स्थिति बनी रहती है। दरअसल, बेगमपुल व्यापार संघ के पदाधिकारियों की दुकानों को हटाने के सवाल पर मीटिंग हुई, जिसमें व्यापारियों ने दो टूक कह दिया कि पहले शिफ्ट करें, फिर दुकान खाली की जाएगी। पहले तो दुकानदार इस बात पर भी सहमत नहीं थे कि दुकान खाली कीजाए। क्योंकि उनका जमा हुआ कारोबार खत्म हो जाएगा।
नये स्थान पर ग्राहक आ पाएगा, इसकी गारंटी कौन देगा? यह मुद्दा भी उठ चुका हैं, लेकिन प्रशासनिक अफसर भी बाधित बनी दुकानों को खाली कराने में तुले हैं। इसके लिए मुआवजा भी अभी तय नहीं किया है। व्यापारियों का यही कहना है कि बेगमपुल के आसपास में ही उन्हें दुकान मिल जाए तो बेहतर है।
पहले गढ्ढे में दुकान दी जा रही थी। नाले पर स्थित बेसमेंट दुकान किराये पर लेकर दी जा रही थी, जिसे पर व्यापारी कतई सहमत नहीं है। इसका विरोध कर रहे हैं। अब दूसरे स्थान पर शिफ्ट करने की तैयारी की जा रही है। बेगमपुल पर रैपिड रेल का भूमिगत स्टेशन बनाया जा रहा है। इसके लिए तेजी से काम चालू कर दिया गया है।
ठेलों से लगता है जाम
बेगपमुल पर रैपिड रेल का निर्माण कार्य चल रहा है। ऐसे में ठेले वालों को यहां से हटाया गया है, लेकिन पुलिस की कृपा से ठेले वाले फिर भी ठेले लगा रहे हैं, जिसके चलते यहां जाम की स्थिति बनी रहती है। ठेले वालों को क्यों नहीं हटाया जा रहा हैं? आखिर इन ठेले वालों से पुलिस कर्मी मित्रता क्यों निभा रहे हैं। जनता जो हर रोज जाम में फसती है, शायद यह पुलिस कर्मियों को दिखाई नहीं देता।

