- भारी पुलिस बल लेकर पहुंचे थे बैंक अधिकारी, दरवाजा तोड़कर घुसे अंदर
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: धोखाधड़ी से मकानों और गाड़ियों पर लोन निकालने वाले आरोपी के मकान पर मंगलवार को बैंक अधिकारियों ने कब्जा ले लिया है। आरोपी के मकान पर कब्जा लेने के लिए बैंक अधिकारी अपने साथ भारी पुलिस बल लेकर पहुंचे थे। भारी पुलिस बल को देख आसपास में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
थाना नौचंदी क्षेत्र के करीम नगर के रहने वाले आमिर मलिक पुत्र दीन मोहम्मद ने कुछ बैंक अधिकारियों से मिलीभगत कर फर्जी तरीके से मकानों और गाड़ियों पर करोड़ों रुपये का लोन निकाल लिया था। आमिर ने लोन से निकाली गई रकम से अपनी बहन की शादी में करोड़ों रुपये खर्च किया था।
इसके बाद वह मुम्बई भाग गया था। गत दिनों जब मुम्बई से आमिर अपनेघर आया तो पुलिस ने उसे बिजली बंबा चौकी के पास से गिरफ्तार कर लिया था। आमिर ने करीब दस से ज्यादा मकान और गाड़ियों पर फर्जी तरीके से मोहकमपुर और दिल्ली रोड स्थित पंजाब नेशनल बैंक की शाखाओं से लोन लिया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए जेल भेज दिया था।
मंगलवार को पंजाब नेशनल बैंक के अधिकारी नौचंदी इंस्पेक्टर समेत भारी पुलिस बल के साथ आमिर के घर कब्जा लेने पहुंचे। आमिर के घर पर ताला लटका हुआ था, लेकिन बैंक अधिकारियों ने पुलिस की मदद से मकान का ताला तुड़वाकर पूरे मकान की जांच पड़ताल की। इसके बाद उसपर कब्जा कर अपना ताला लगा दिया। बैंक अधिकारियों की इस कार्रवाई के दौरान आसपास के लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
मुनीजा हत्याकांड: आरोपियों पर पुलिस मेहरबान क्यों?
मुनीजा हत्याकांड के आरोपियों कि गिरफ्तारी न होने को लेकर सवाल उठ रहे हैं। चर्चा तो यह भी है कि वादी पक्ष के लोगों ने आरोपी को पकड़ कर सरधना पुलिस के हवाले कर दिया था, लेकिन बावजूद उसके पुलिसआरोपी पर मेहरबान बनी रही। ऐसे आरोप वादी पक्ष के लोगों ने एसएसपी और एसपी देहात को दिए शिकायती पत्र में लगाए हैं।
बता दें कि गत तीन मार्च को आरोपी अशफाक निवासी जौला मुजफ्फरनगर को पकड़ कर सरधना पुलिस को सौंपा था। अशफाक के खिलाफ सरधना थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज है। अशफाक पर आरोप है कि पत्नी मुनीजा की हत्या कर सरधना के नानू गांव के जंगल में शव को फेंक दिया गया था। पुलिस ने शव बरामद किया। पोस्टमार्टम भी हुआ और हत्या का मुकदमा भी अशफाक के खिलाफ दर्ज कराया गया।
बावजूद इसके अशफाक पर पुलिस खास मेहरबान बनी हुई है। वादी पक्ष के लोग तमाम पुलिस अधिकारियों से न्याय की गुहार लगा रहे हैं, लेकिन पुलिस आरोपी के कस्टडी में होने के बावजूद जेल नहीं भेज रही है। ऐसा आरोप वादी पक्ष का है। मरने वाली मुनीजा हापुड़ रोड मेरठ की रहने वाली थी।
उसकी शादी अशफाक पुत्र जुदा निवासी जिला मुजफ्फरनगर के साथ हुई थी, लेकिन दंपति में अनबन होने के कारण उसका मर्डर करने के आरोप अशफाक पर लगे। आरोप था कि कोल्ड ड्रिंक में कुछ जहरीला पदार्थ मिलाकर हत्या की गई। हालांकि यह पुलिस की विवेचना का पहलू है कि मरने वाली मुनीजा को जहर दिया गया या फिर कुछ और…। यह भी पुलिस के लिए जांच का विषय है।

