- मांगुर मछली के पालन पर एनजीटी ने लगा रखा है प्रतिबंध
- पर्यावरण के लिए खतरा और कैंसर का कारक मांगुर मछली
जनवाणी संवाददाता |
कैराना: तहसील क्षेत्र सैकड़ों तालाबों में प्रतिबंधित मांगुर मछली का धड़ल्ले से पालन किया जा रहा है। करीब तीन साल पहले प्रशासन ने मत्स्य विभाग के साथ मिलकर दर्जनों तालाबों से मांगुर मछलियों को निकलवाकर नष्ट कराया था, लेकिन एक बार फिर मछली पालन की आड़ में दर्जनों तालाबों में बड़े स्तर पर मांगुर मछली का पालन किया जा रहा है।
ना तो ऐसे मछली पालन पर प्रशासन का ध्यान है और ना ही मत्स्य विभाग इनके विरुद्ध कोई कार्यवाही कर रहा है। इस मामले में एसडीएम शिव प्रकाश यादव का कहना है कि उनको भी दो तीन स्थानों पर प्रतिबंधित मांगुर मछली पालने की शिकायत मिली है। जल्द ही मत्स्य विभाग के अधिकारियों को बुलाकर बड़े स्तर पर अभियान चलाया जाएगा। जहां पर मांगुर मछली पाली जा रही हैं, उनको नष्ट कराया जाएगा।

