- अंबेडकर भवन बताकर दलित बस्ती के लोगों ने जड़ा ताला
- पंचायत सहायक ने आंगनबाड़ी समेत कई के खिलाफ कराई एफआईआर
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: जिले के सरधना ब्लॉक अंतर्गत ग्राम टेहरकी में पंचायत भवन को लेकर कई दिन से भीषण संग्राम की स्थिति बनी हुई है। ग्राम पंचायत जिसे अपना भवन बता रही है, उसे दलित बस्ती के लोगों ने अंबेडकर भवन बताकर ताला जड़ दिया है। इस मामले को लेकर आंगनबाड़ी कार्यकत्री और पंचायत सहायक युवती के बीच हाथापाई तक होने की बात कही जा रही है। मामले में पंचायत सहायक की ओर से सरधना थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। जिसमें आंगनबाड़ी कार्यकत्री समेत कई लोगों को नामजद करते हुए पंचायत भवन पर कब्जा करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया गया है।
टेहरकी गांव में एक भवन दलित बस्ती के बीच बनाया हुआ है। जिस पर बस्ती के लोग अंबेडकर भवन होने का दावा करते चले आए हैं। उनका कहना है कि इस भवन का प्रयोग वे लंबे समय से अपने सामाजिक कार्यों के लिए करते चले आ रहे हैं। इस बीच ग्राम सभा की ओर से पंचायत भवन में वाईफाई लगाने के लिए एक टीम आई, जिसने भवन को पंचायत भवन बताते हुए काम शुरू किया, लेकिन ग्रामीणों ने उन्हें ऐसा नहीं करने दिया।
इस दौरान पंचायत सहायक अनीता के साथ कुछ लोगों की कहासुनी भी हुई। उस समय मामला जैसे-तैसे टाल दिया गया। और दूसरे दिन वाईफाई लगाने का काम शुरू करने का प्रयास किया गया, लेकिन उस समय काफी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए। जिन्होंने भवन पर पंचायत के बजाय समाज का दावा किया। आरोप है कि इस दौरान आंगनबाड़ी कार्यकत्री और पंचायत सहायक के बीच हाथापाई की नौबत आ गई।

जिसके चलते पंचायत सहायक अनीता ने 112 नंबर पर कॉल करके पुलिस को मौके पर बुला लिया, लेकिन स्थिति जस की तस बनी रही। पंचायत सहायक ने इस बारे में डीपीआरओ समेत उच्चाधिकारियों को अवगत कराया। जिन्होंने पंचायत भवन पर दावा करते हुए अनीता को निर्देश दिए कि इस संबंध में थाना सरधना में एफआईआर दर्ज कराई जाए। इसी क्रम में अनीता की तहरीर पर थाना सरधना में आंगनबाड़ी कार्यकत्री समेत कई ग्रामीणों को नामजद करते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
बढ़ते संग्राम के बीच अधिकारी ग्रामीणों से बातचीत करते हुए सहमति बनाने के प्रयास में भी जुटे हुए हैं। वहीं एक अधिकारी ने बताया कि जिन गांवों में पंचायत भवन दलित बस्ती के बीच बनाए गए हैं, उन पर पंचायत भवन और अंबेडकर भवन दोनों लिखा गया है, लेकिन टेहरकी में यह काम पूर्व में नहीं कराए जाने से यह स्थिति पैदा हुई है।
डीजे की आवाज कम करने को लेकर दो पक्षों में चले लाठी-डंडे
कंकरखेड़ा: नंगलाताशी में सोमवार को डीजे बजा कर सावन के गीतों पर महिलाएं झूला झूल रही थी। इसी बीच पड़ोस में रहने वाले एक युवक में डीजे की आवाज कम करने के लिए कहा। जिसको लेकर दोनों पक्षों के लोग आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों की तरफ से जमकर लाठी-डंडे चले। जिसमें दोनों पक्षों के चार लोग घायल हो गए। दोनों पक्षों ने थाने पहुंचकर आरोप लगाते हुए एक दूसरे के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस ने घायलों को मेडिकल के लिए भेज दिया।
थाना क्षेत्र के नंगलाताशी गांव निवासी रामप्रसाद पुरुष राजू ने सोमवार को थाने पर तहरीर देते हुए बताया कि उनके पड़ोस में महिलाओं ने सावन के उपलक्ष पर झूला झूलने का कार्यक्रम रखा था। महिलाएं सावन के गीतों पर डीजे बजा कर नाच गाना कर रही थी। इसी बीच पड़ोस में रहने वाले रणबीर ने डीजे की आवाज कम करने के लिए कहा। जिसको लेकर दोनों में कहासुनी हो गई।
कहासुनी कुछ ही देर में मारपीट में तब्दील हो गई। दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे लेकर आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों की तरफ से जमकर लाठी-डंडे चले। जिसमें दोनों पक्षों की तरफ से चार लोग सिर में चोट लगने से घायल हो गए। वहीं, दूसरे पक्ष की तरफ से रणवीर का आरोप है कि रामप्रसाद पक्ष ने उसकी मां कश्मीरी को जानबूझकर जीने से धक्का दे दिया। जिस कारण गिरने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी।
इसी बात को लेकर वह रामप्रसाद से बात करने गया था। जहां पर उसने व उसके परिवार के लोगों ने उन पर जानलेवा हमला कर दिया। दोनों पक्षों के लोग थाने पहुंचे और एक-दूसरे आरोप लगाते हुए थाने पर तहरीर दी। पुलिस ने घायलों को मेडिकल के लिए भेज दिया। कंकरखेड़ा कार्यवाहक इंस्पेक्टर हरिओम सिंह का कहना है कि दोनों पक्षों की तरफ से तहरीर मिल गई है। मामले की जांच पड़ताल की जा रही है।

