- बैट और बैडमिंटन तक हुए 25 फीसदी महंगे
- लकड़ी और कच्चा माल भी नहीं मिल रहा आसानी से
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: बढ़ती महंगाई का असर खाद्य पदार्थों तक ही सीमित नहीं है। यहां घर बनाने से लेकर कपड़े खरीदना भी महंगा हो चुका है। अब अगर बात खेलों की की जाये तो खेल खेलना भी सस्ता नहीं पड़ रहा है। खेल उपकरणों पर भी महंगाई की मार पड़ी है। जिससे युवाओं के लिए खेल उपकरण खरीदना अब महंगा हो गया है। क्रिकेट बैट और क्रिकेट बॉल की ही बात करें तो इनकी कीमतें पहले की मुकाबले 25 फीसदी तक महंगी हो चुकी हैं। बैडमिंटन के रेटों पर भी बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा अन्य उपकरणों पर भी महंगाई का असर है।
मेरठ की बात की जाये तो यह शहर स्पोर्ट्स इंडस्ट्री के मामले में मशहूर है। यहां के खेल उपकरण विदेशों तक मशहूर हैं। बड़ी बड़ी कंपनियों और छोटी छोटी कंपनियों की यहां भरमार है जहां खेल उपकरण बनाये जाते हैं। क्रिकेट बैट तो यहां के मशहूर हैं ही इसके अलावा यहां बैडमिंटन, शटल कॉक, कॉस्को बॉल, क्रिकेट बॉल, हॉकी समेत तमाम खेल उपकरणों पर महंगाई की मार पड़ रही है। जो उपकरण पहली कीमतों में तैयार हो रहे थे अब उन पर 25 से 30 फीसटी तक दाम बढ़ चुके हैं जिसका असर यहां खेल प्रतिभाओं पर भी पड़ रहा है। बच्चों के लिये खेल उपकरण खरीदना अभिभावों के लिये काफी महंगा साबित होता जा रहा है।
क्रिकेट बैट पर बढ़े दाम
आईआईए अध्यक्ष और पीआर कंपनी के डायरेक्टर सुमनेश अग्रवाल ने बताया कि क्रिकेट बैट के लिये मिलने वाली लकड़ी पहले से ही महंगी थी, लेकिन उसके दाम और अधिक बढ़ गये हैं। कश्मीरी विलों की बात की जाये तो वह आसानी से उपलब्ध ही नहीं हो पाती है। पहले जो बैट 1000 रुपये में तैयार हो रहा था अब वह बैट 1300 रुपये में तैयार होता है। वहीं जो बैट 2500 रुपये में तैयार हो रहा था वह बैट 3000 रुपये में तैयार हो रहा है। लेबर ने भी अपने दाम बढ़ा दिये हैं। यही हाल बैटिंग पैड़ के भी हैं। बैटिंग पैड की कीमत जो पहले 1000 रुपये पेयर थी वो अब 1500 तक पहुंच चुकी है।
बैडमिंटन और बॉल भी बन रही महंगी
जेएमडी के संत कुमार ने बताया कि बैट के साथ क्रिकेट बॉल भी महंगी हो गई है। लेदर की जो बॉल पहले 300 रुपये में एक तैयार हो रही थी उसे दाम बढ़कर 350 रुपये हो गये है। वहीं गद्दे वाली बॉल जो 30 रुपये में तैयार होती थी, उसके दाम 35 रुपये हो गये हैं। 300 रुपये में जो बैडमिंटन का पेयर तैयार हो जाता था। तार महंगा होने के कारण वह पेयर अब 350 रुपये में तैयार हो रहा है जो मार्किट में और भी अधिक दामों में बिक रहा है। क्रिकेट बैट, हॉकी समेत तमाम उपकरणों पर महंगाई का असर दिखाई पड़ रहा है।

