जनवाणी संवाददाता |
कैराना: नंगला राई में बरसात की छुट्टी से पहले मई व जून माह में रेत अवैध खनन की शिकायत पर एनजीटी द्वारा संज्ञान लिया जा रहा है। गुरुवार को एनजीटी के निर्देश पर केंद्रीय प्रदूषण नियन्त्रण बोर्ड भारत सरकार के क्षेत्रीय निदेशक ने टीम के साथ जांच की।
नंगला राई में शासन ने देवांश इंफ्रा कम्पनी के नाम पर 5 साल के लिए रेत खनन का पट्टा आवंटित किया था। करीब ढाई माह तक रेत खनन होने के बाद 30 जून 2020 को बरसात के कारण तीन माह के लिए खनन पट्टा बंद कर दिया गया था। रेत खनन के दौरान अवैध तरीके के रेत खनन के आरोप लगे थे।
जिसकी शिकायत पर एनजीटी ने केंद्रीय प्रदूषण नियन्त्रण बोर्ड भारत सरकार को मौके पर जाकर जांच रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए थे। जिसके चलते गुरूवार को दिल्ली से केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय निदेशक आरके सिंह अपनी टीम के साथ नंगला राई पहुंचे।
उनके साथ खनन अधिकारी रंजना सिंह, एसडीएम उद्भव त्रिपाठी, सीओ जितेन्द्र कुमार व कोतवाली प्रभारी प्रेमवीर राणा भी मौजूद थे। टीम ने रेत खनन प्वाइंट पर यमुना नदी के आसपास बारीकी से निरीक्षण किया। मामले में केंद्रीय प्रदूषण नियन्त्रण बोर्ड के क्षेत्रीय निदेशक ने कहा कि रेत खनन की रिपोर्ट एनजीटी को सौपेगें। उधर, एसडीएम उद्भव त्रिपाठी ने बताया कि रेत खनन की पुरानी शिकायत पर एनजीटी के निर्देश पर केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी नंगला राई जांच के लिए गये थे।
नंगलाराई खनन ठेकेदारों के बीच विवाद, तीन का चालान
बुधवार की शाम एसडीएम उद्भव त्रिपाठी, सीओ जितेंद्र कुमार, खनन अधिकारी रंजना सिंह व कोतवाली पुलिस नंगला राई पहुंची थी। इस दौरान खनन बंद होने के बावजूद भी खनन वहां पर दो ट्रैक्टर पाये जाने पर पुलिस ने दोनों ट्रैक्टरों को सीज कर दिया। पुलिस ने झगड़ा करने के आरोप में कुलदीप सिंह पक्ष के संदीप रूहेला निवासी गांव धनहा थाना गढ़ीपुख्ता व सुंदर निवासी उंचागांव तथा दूसरे पक्ष के यश गर्ग निवासी रोहिणी दिल्ली को गिरफ्तार कर चालान कर दिया।
उधर, मामले में देवांश इंफ्रा कम्पनी के प्रोपराइटर कुलदीप सिंह ने बताया कि कुछ शामली के लोग उसे धमकी दे रहे हैं तथा पुलिस प्रशासन भी उन्ही का साथ दे रही है। जिसकी वह शिकायत उच्चाधिकारियों से करेंगे। कुलदीप सिंह द्वारा शामली के कुछ लोगों व पुलिस पर आरोप लगाये जाने की वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है। वही शामली निवासी राजेन्द्र गर्ग व दिल्ली निवासी सुरेन्द्र गुप्ता ने बताया कि नंगला राई रेत खनन में उनकी भी पार्टनरशिप है। उनके साथ बेईमानी की जा रही है। वह इसकी शिकायत जिलाधिकारी, कमिश्नर के साथ ही लखनऊ कर रहे हैं।

