Thursday, April 25, 2024
- Advertisement -
HomeUttar Pradesh NewsMeerutएसपी साहब! ऐसी गुंडागर्दी नहीं चलेगी

एसपी साहब! ऐसी गुंडागर्दी नहीं चलेगी

- Advertisement -
  • अपनी ही सरकार के खिलाफ भाजपाइयों का ब्रह्मपुरी थाने में ढाई घंटे चला धरना
  • व्यापारियों को जेल भेजने पर भाजपा नेताओं ने खोया आपा, किया अमर्यादित शब्दों का प्रयोग

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: भाजपा नेता अपनी ही सरकार के खिलाफ गुरुवार को ब्रह्मपुरी थाने में धरना देकर बैठ गए। यही नहीं, भाजपा नेताओं ने पुलिस अधिकारियों के प्रति अमर्यादित शब्दों का भी प्रयोग किया। भाजपा नेता और पुलिस अफसरों के बीच तनातनी तक हो गई, जिसके बाद ही भाजपाइयों ने थाने में ही धरना आरंभ कर दिया।

ऐसा पहली बार हुआ कि भाजपा नेता अपनी ही सरकार के खिलाफ धरना देकर बैठे। ये हालत भाजपाइयों की हो गई हैं, फिर आम आदमी को थानों से न्याय कैसे मिल पाता होगा, यह भी बड़ा सवाल हैं। फिर अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करने से भी भाजपा नेता नहीं चूके। पुलिस अधिकारियों को कह दिया कि ऐसी गुंडागर्ड़ी नहीं चलने दी जाएगी। इससे स्पष्ट हो गया है कि पुलिस अधिकारी गुंडागर्दी कर रहे हैं,

जिस पर चाहते है धारा लगाकर जेल भेज रहे हैं। पूरा बवाल सीओ ब्रह्मपुरी और भाजपा नेताओं के बीच हुआ। इसके बाद ही भाजपाइयों ने थाने में धरना दिया। पुलिस अफसरों के बैकफुट पर आने के बाद ही भाजपाइयों ने थाने में आरंभ किये धरने को खत्म किया।

ब्रह्मपुरी पुलिस द्वारा व्यापारियों पर जानलेवा हमले की धारा लगाकर उन्हें जेल भिजवाने के मामले में भाजपाइयों ने ब्रह्मपुरी थाने का घेराव कर जमकर हंगामा काटा। इतना ही नहीं भाजपा नेता कमल दत्त शर्मा ने इंस्पेक्टर, सीओ सहित एसपी सिटी को खूब खरीखोटी सुनाई। भाजपा नेता के आगे पुलिस अफसर नतमस्तक होते दिखाई पड़े। वहीं, भाजपाइयों के हंगामे पर पुलिस बैकफुट पर आ गई और धाराओं को तब्दील करने का आश्वासन दिया।

ब्रह्मपुरी क्षेत्र कबाड़ी बाजार में व्यापारियों के बीच हुृए मारपीट झगड़े में सात लोगों पर जानलेवा हमले की धारा लगाकर जेल भेजने पर भाजपा नेता कमल दत्त शर्मा गुरुवार दोपहर ब्रह्मपुरी थाने पहुंच गये। भाजपा नेता के पहुंचते ही इंस्पेक्टर थाना ब्रह्मपुरी थाने पर आ गये। कमल दत्त शर्मा ने कहा कि इंस्पेक्टर साहब आपने क्या किया है ये किस आधार पर सात लोगों पर धारा 307 लगा दी और उन्हें जेल भेज दिया।

इंस्पेक्टर साहब आपकी ये गुंडागर्दी नहीं चलेगी। थाने में हंगामा ओर भाजपा नेता कमल दत्त शर्मा के पहुंचने की जानकारी अन्य कार्यकर्ताओं को लगी तो वे भी काफी संख्या में वहां आ गये। भाजपाइयों के थाने में एकत्र होने की सूचना पर सीओ ब्रह्मपुरी ब्रिजेश सिंह भी थाने पर पहुंच गये। सीओ के थाने में आते ही कमल दत्त शर्मा ने कहा कि सीओ साहब तुमने व्यापारियों पर धारा 324 लगाने के बजाय उन पर हत्या के प्रयास की धारा में मुकदमा क्यों लिख दिया। इसका जवाब दे दो।

भाजपा नेता के भड़कने पर सीओ ब्रह्मपुरी बोले तुम बेकार की बात मत करो। सीओ के इतना कहते ही भाजपा नेता कमल दत्त शर्मा ने नाराज होते हुए सभी भाजपाइयों से कहा कि सभी जमीन पर बैठ जाओ। सभी कार्यकर्ता और पदाधिकारी थाने पर धरना देकर बैठ गये। कमल दत्त शर्मा ने कहा कि सीओ साहब अब हम देखेंगे कि तुम्हारी गुंडागर्दी कैसे चलती है।

भाजपा नेता कमल दत्त शर्मा इस बात पर अड़ गये कि पुलिस ने व्यापारियों पर धारा 307 में मुकदमा दर्ज कैसे कर दिया। जबकि न तो डाक्टरी रिपोर्ट में इस तरह की इनजरी आई। फिर कैसे पुलिस ने सभी को जेल भेज दिया। भाजपा नेता को सीओ ब्रह्मपुरी चुपचाप सुनते रहे। इस बीच एसपी सिटी पीयूष कुमार सिंह भी हंगामे की सूचना पर ब्रह्मपुरी थाने आ गये। एसपी सिटी के आने पर भी भाजपा नेता कमल दत्त ने यही सवाल किया कि आपकी पुलिस ने जानलेवा हमले की धारा में मुकदमा पंजीकृत कैसे कर दिया।

एसपी सिटी ने कहा कि बयानों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। भाजपा नेता ने कहा कि इस तरह से नहीं चलेगा, आप शहर के क प्तान हो। भाजपा नेता ने कहा कि इंस्पेक्टर हो या सीओ या आप सभी सरकार के नीचे काम कर रहे हैं। आप सरकार से बड़े नहीं हो। भाजपाईयों के हंगामे के बाद एसपी सिटी ने यह स्वीकार करते हुए कहा कि सप्लीमेन्ट्री रिपोर्ट मंगाकर उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जायेगी।

एसपी सिटी के आश्वासन के बाद भाजपाइयों ने धरना समाप्त किया। धरने पर हिन्दू जागरण मंच महानगर अध्यक्ष ललित गुप्ता अमूल, प्रदीप कौशिक, संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष अजय गुप्ता, राजीव गुप्ता काले पार्षद, दीपक शर्मा, राकेश गौड़, कपिल आदि अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।

थाना ब्रह्मपुरी में आये थे दो लोगों का झगड़ा हो गया था। दोनों लोगों ने मुकदमा दर्ज करा दिया था। हम पुलिस से निवेदन करने आये थे कि वो 307 की डाक्टरी उनमें नहीं थी।

31 5

एसपी सिटी ने कहा कि कि उनकी डाक्टरी मंगाकर और उसमें डाक्टरी के आधार पर अगर डाक्टरी के अंदर धारा 307 नहीं बनती है। तो धारा तब्दील कर दी जायेगी। जब तक सप्लीमेन्ट्री रिपोर्ट नहीं आ जाती है।
-कमलदत्त शर्मा, भाजपा नेता, पूर्व शहर विधान सभा प्रत्याशी भाजपा

What’s your Reaction?
+1
0
+1
2
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
- Advertisement -

Recent Comments