- अवैध निर्माणों के न तो मानचित्र स्वीकृत है और न ही मिली मेडा से अनुमति
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: प्राधिकरण उपाध्यक्ष अभिषेक पांडेय के लिए एनएच-58 हाइवे पर निर्माणाधीन रेस्टोरेंट और होटल को तोड़ना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं है। प्राधिकरण उपाध्यक्ष ने ग्रीन वर्ज के अवैध निर्माणों को तोड़ने के आदेश तो दे दिए हैं, लेकिन प्राधिकरण इंजीनियर अवैध रूप से बन रहे होटलों को तोड़ने से पहले खास परेशान दिखाई दे रहे हंै।
दरअसल, परतापुर से लेकर मोदीपुरम तक 100 से ज्यादा रेस्टोरेंट और होटल का निर्माण कर दिया गया है। इनका निर्माण एक वर्ष के भीतर ही हुए हैं। इनमें से एक होटल या रेस्टोरेंट का मानचित्र तक स्वीकृत नहीं है। फिर भी निर्माण पूरा हुआ और उद्घाटन होने के बाद ये संचालित भी होने लगे हैं। एनजीटी के तमाम आदेशों के बावजूद कैसे निर्माण हो गया। डा. अजय कुमार इन निर्माण के खिलाफ एनजीटी गए थे।
एनजीटी से मेडा को फटकार भी लगी, लेकिन फिर भी निर्माण पूरे करा दिये गए हैं। इनका निर्माण प्राधिकरण इंजीनियरों की मेहरबानी से पूरा हुआ है, इसमें दो राय नहीं हैं। क्योंकि इंजीनियरों ने सरकारी दस्तावेजों में तो इनमें कार्रवाई कर दी, लेकिन मौके पर निर्माण करने की खुली छूट दे दी। यही वजह है कि निर्माण होते चले गए और इन होटलों के उद्घाटन भी हो गए। इस समय काम भी चल रहे हैं। ईरा गार्डन से सटकर एक बड़ा होटल निर्मार्णाधीन है।

इसके ध्वस्तीकरण की कार्रवाई मेरठ विकास प्राधिकरण के द्वारा नहीं की गई है। यही वजह है कि अब कभी भी इस निर्माण पर लिंटर डाला जा सकता है। इस तरह से इंजीनियरों ने खुली छूट अवैध निर्माण को दे रखी है। इस तरह से प्राधिकरण उपाध्यक्ष के भ्रष्टाचार मुक्त प्राधिकरण के मिशन को झटका लग रहा है। ईरा गार्डन के गेट पर दोनों तरफ बड़े निर्माण हो गए, लेकिन इंजीनियरों ने निर्माणों को नहीं रोका।
ग्रीन वर्ज में कॉलोनी कर दी विकसित
बागपत बाइपास की सर्विस रोड पर अवैध कॉलोनी ग्रीन वर्ज में काट दी गई। इसमें भी दुकान का निर्माण कर दिया गया तथा दूसरे निर्माण में पीलर लगाकर ग्राउंड स्तर से निर्माण ऊपर तक कर दिया हैं। यह हालत ग्रीन वर्ज की हैं। ये बागपत बाइपास की सर्विस रोड पर करीब दर्जनभर निर्माण कर दिए गए हैं। निर्माण पुराना दिखाई दे, इसके लिए पुताई भी दीवारों की कर दी गई है। यह ज्ञान भी लगता है मेरठ विकास प्राधिकरण के इंजीनियर अवैध निर्माण करता को दे रहे।
शोभापुर पुलिस चौकी के पीछे बड़ा होटल बनकर तैयार हो गया है। कभी भी उसका उद्घाटन हो सकता है। इस पर इंजीनियर खास मेहरबान थे, तभी तो निर्माण को पूरा होने दिया। कोई एफआईआर निर्माणकर्ता के खिलाफ दर्ज नहीं कराई गई। गरम धरम, चोटीवाला समेत कई निर्माण हाईवे पर हो गए हैं।
यूपी 15 रेस्टोरेंट समेत कई बड़े रेस्टोरेंट बने हैं, जिनको मेरठ विकास प्राधिकरण के इंजीनियर रोक नहीं पाए। प्राधिकरण उपाध्यक्ष अभिषेक पांडेय ने स्पष्ट किया है कि प्राधिकरण को भ्रष्टाचार मुक्त कर देंगे। अब उनके इस मिशन को इंजीनियर ही ठेगा दिखा रहे हैं। ये निर्माण कब टूटेंगे, इसका जनता इंतजार कर रही हैं।

