- एसडीएम ने दो गोदाम सीज कर एक ट्रक कब्जे में लिया
जनवाणी संवाददाता |
सरधना: शनिवार को एसडीएम ने सरकारी राशन की कालाबाजारी की सूचना पर विभिन्न जगह छापेमारी की। एसडीएम ने मंडी समिति में दो गोदाम सील कर दिए। इसके अलावा राशन से भरा एक ट्रक कब्जे में ले लिया। एसडीएम को सूचना मिली कि मंडी समिति में सरकारी राशन की कालाबाजारी की जा रही है। कालाबाजारी की सूचना पर एसडीएम ने मंडी सूमिति में छापेमारी की। एसडीएम ने मौके पर राशन से भरा एक ट्रक पकड़ा। राशन मालिक ने एसडीएम को अभिलेख दिखाए। इसके बाद वहीं पर एसडीएम ने राशन से भरे दो गोदाम सील कर दी। मौके पर एसडीएम को कोई नहीं मिला।
एसडीएम ने वीडियोग्राफी कराने के बाद दोनों गोदाम को सील करा दिया। मौके पर आपूर्ति अधिकारी दिनेश चहल व फूड इंस्पेक्टर को बुलाकर पकड़े गए माल के सैंपल भराए और जांच के लिए भेजे गए। एसडीएम की कार्रवाई से राशन व्यापारियों में हड़कंप मच गया। इस संबंध में एसडीएम पीपी राठौर का कहना है कि सरकारी राशन की कालाबाजारी की सूचना मिली थी। दो गोदाम सील किए गए हैं। राशन से भरा एक ट्रक भी पकड़ा है। सभी जगह मिले राशन के सैंपल जांच के लिए भेजे हैं। सभी से राशन के अभिलेख दिखाने को कहा है।
ओवरलोड गन्नों के ट्रकों पर चला प्रशासन का चाबुक
शनिवार को एसडीएम ने कांवड़ मार्ग गंगनहर पटरी पर ओवरलोड गन्नों के ट्रकों के खिलाफ अभियान चलाया। इस दौरान एसडीएम ने आधा दर्जन ट्रकों के चालान काटे। गन्नों के ओवरलोड ट्रक सड़कों पर मौत बनकर दौड़ते हैं। इन ट्रकों के कारण आए दिन हादसे होते हैं। कांवड़ मार्ग गंगनहर पटरी पर भी ओवरलोड गन्नों के ट्रक फर्राटा भर रहे हैं। इन ट्रकों की गति इतनी तेज होती है कि छोटे वाहन को खुद ही किसी तरह खुद को बचाना पड़ता है।

शनिवार को एसडीएम ने टीम के साथ गन्नों के ट्रकों के खिलाफ अभियान चलाया। गंगनहर पटरी पर एसडीएम टीम के साथ पहुंचे। जहां अधिकारी ने एक के बाद एक आधा दर्जन गन्नों के ट्रकों के चालान कराए। जिनमें सभी ट्रक ओवरलोड थे। इसके अलावा उनकी फिटनेस, रिफलेक्टर, चालक का डीएल नहीं होने जैसी कम पाई गई। जिसके चलते पांच हजार से लेकर 24 हजार रुपये तक का चालान किया गया।
वहीं प्रशासन की कार्रवाई से ट्रक संचालकों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर ट्रकों ने गंगनहर पटरी से अपना रूट बदल दिया। इस संबंध में एसडीएम पीपी राठौर का कहना है कि ओवरलोड गन्नों के ट्रकों के खिलाफ अभियान चलाया गया था। आधा दर्जन ट्रकों का चालान किया गया है। जिनमें ओवरलोडिंग, फिटनेस, रिफलेक्टर, डीएल आदि की कमी पाई गई है। ओवरलोड वाहन नहीं चलने दिए जाएंगे।

