- अहमद रोड पर नाला निर्माण बना मुसीबत, दिनभर उड़ती धूल से व्यापार हुआ ठप, लोग हो रहे बीमार
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: नगर निगम द्वारा अहमद रोड पर कराया जा रहा नालों का निर्माण क्षेत्र के व्यापारियों और आम लोगों के लिए मुसीबत का सबक बन गया है। पानी का छिड़काव नहीं करने से यहां दिनभर धूल उड़ती रहती है, जिससे बड़ी संख्या में लोग बीमार हो रहे हैं। जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल में आने वाले मरीजों को खासी परेशानी होती है। इस बाजार में ग्राहक आने से कतराते हैं। जिससे यहां का व्यापार ठप हो गया है।

नगर निगम द्वारा नालों को ढकने की योजना के तहत यहां छतरी वाले पीर तिराहा से लेकर बागपत गेट तक नाले को पाटने का कार्य चल रहा है। छतरी वाले पीर से लेकर घंटाघर तक दोनों और नाले बने हुए हैं। जबकि इससे आगे बागपत गेट तक एक नाला बना है, जिसमें उक्त दोनों नालों के पानी की निकासी होती है। छतरी वाले पीर से लेकर कोटला मोहल्ले के अंतिम छोर तक नाले को लिंटर डालकर पाट दिया गया है, जबकि जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल के आगे के नाले में बड़े पाइप डाले जा रहे हैं।
यहां डेढ़ साल से अधिक समय से कार्य चल रहा है। उक्त निर्माण कार्य से यहां दिनभर धूल उड़ती रहती है, लेकिन नगर निगम द्वारा यहां पानी की छिड़काव नहीं कराई जाती, जिस कारण इस क्षेत्र के व्यापारी व अन्य लोग बीमार हो रहे हैं। कुछ व्यापरी खांसी से परेशान है तो कुछ आंखों की एलर्जी और स्किन एलर्जी से परेशान है। कुछ लोग सांस की दिक्कत हो रही है। दिनभर धूल उड़ाने से यहां की दुकानों से लोग सामान खरीदने नहीं आते।

अधिकांश दुकानों पर व्यापारी पूरे दिन हाथ पर हाथ रखे बैठे रहते हैं। इस क्षेत्र का व्यापार पूरी तरह ठप हो गया है। जिला अस्पताल और जिला महिला अस्पताल आने वाले मरीजो का खांसते हुए बुरा हाल हो जाता है। धूल से आंखे लाल हो जाती हैं। निर्माण कार्य की वजह से एक दिन को बंद करने से यहां दिनभर जाम की समस्या बनी रहती है।
मास्क पहनने की सलाह
जिला अस्पताल और जिला महिला अस्पताल के चिकित्सा के अस्पताल में आने वाले मरीज व उनके तीमारदारों को धूल के प्रति सचेत करते हुए उन्हें मास्क पहनने की सलाह दे रहे हैं। दोनों अस्पताल के चिकित्साक और कर्मचारी वहां उड़ने वाली धूल को लेकर परेशान हैं वे भी मास्क लगाकर ड्यूटी कर रहे हैं।
धूल से लोग हो रहे बीमार
क्षेत्रवासी सलीम अख्तर का कहना है कि अहमद रोड पर नाला निर्माण कार्य के चलते दिनभर धूल उड़ती रहती है। जिससे लोगों का जीना मुहाल हो गया है। लोग बीमार हो रहे हैं। निगम को दिन में कई बार पानी का छिड़काव करना चाहिए।
व्यापार हो रहा चौपट
अहमद रोड के व्यापारी मोहम्मद शहजाद का कहना है कि डेढ़ वर्ष से अधिक का समय नाला निर्माण कार्य चल रहा है। दिनभर धूल उड़ाने से बाजार में ग्राहकों में आना बंद कर दिया है। जिसका कारण उनका व्यापार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। उक्त निर्माण कार्य जल्दी निपटाना चाहिए।
नहीं हो रहा पानी का छिड़काव
मेडिकल स्टोर संचालक मुकेश मोहन गुप्ता कहते हैं कि यहां दिनभर धूल उड़ती रहती है। यहां पानी का छिड़काव नहीं कराया जाता, जिस कारण वह बीमार हो गए हैं। उन्हें इलाज कराना पड़ रहा है।
कछुआ गति से निर्माण कार्य
व्यापारी इरशाद अहमद बताते हैं कि नाला निर्माण कार्य कछुआ गति से हो रहा है। यहां धूल ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। धूल की वजह से वह काफी दिन बीमार रहे। यहां दिनभर मास्क लगाकर बैठना पड़ता है।

धूल के कणों से हो रही खांसी
व्यापारी विवेक गुप्ता कहते हैं कि नाला निर्माण के चलते वह बीमार हो गए हैं। धूल के कणों के चलते उन्हें खासी की दिक्कत होती है। नगर निगम को यहां पानी का छिड़काव कराया जाना चाहिए।
ग्राहकों की आमद घटी
व्यापारी मोहम्मद शाहवेज कहते हैं कि निर्माण कार्य के कारण लोग बाजार में आने से कतराते हैं। जिससे यहां कारोबार ठप हो गया है। उक्त निर्माण कार्य जल्दी पूरा कराया जाना चाहिए।
काम करना हुआ दुश्वार
कमल कुमार कहते हैं कि धूल की वजह से यहां काम करना दुश्वार हो गया है। यहां जाम की समस्या भी गंभीर बन गई है। यहां पानी का छिड़काव कराया जाना चाहिए। जिससे लोगों को राहत मिलेगी।
निर्माण कार्यों के चलते होता है वायु प्रदूषण
क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी भुवनेश यादव का कहना है कि निर्माण कार्यों से वायु प्रदूषण होता है। इससे पीएम 10 और पीएम 2.5 में वृद्धि होती है, जिससे लोग खांसी, नजला, आंख व त्वचा की एलर्जी से बीमार हो जाते हैं। इसके अलावा सांस की बीमारी भी हो सकती है। इसकी रोकथाम के लिए जहां निर्माण कार्य होते हैं। वहां दिन में कई बार पानी का छिड़काव कराया जाना चाहिए और लोगों को मास्क पहनना चहिए।

