यदि आप सिंगल हैं तो शादी या लिव इन में रहने वालों की कतार में हैं। यदि आप शादीशुदा हैं तो नीले ड्रम में या फ्रिज में किश्तों में रखे जाने वालों की कतार में हैं। यदि सफल शादीशुदा हैं तो धर्म की रक्षा के लिए जो कभी गृहस्थ नहीं हुए उनके आह्वान पे आधा दर्जन बच्चे पैदा करने वालों की कतार में हैं। यदि बच्चे पैदा कर लिए हैं तो नर्सरी में ही लाखों रुपए की फीस देकर उनको पढ़ने पढ़ाने वालों की कतार में हैं। यदि बच्चों को पढ़ा लिखा लिया है तो उनके लिए लिए शिक्षा ऋण को चुकाने की जुगत में भिड़े चूसे हुए गन्ने की तरह बार बार मशीन में डाल के रस निकलवाने वाले मध्यम वर्गीय लोगों की कतार में हैं। यदि बच्चे बड़े हो गए हैं तो उनके जीवन साथी की तलाश में ज्योतिषियों, नजूमियों, तांत्रिकों, मैरिज ब्यूरो आदि इत्यादि के भ्रामक प्रचार के शिकार होने वालों की कतार में हैं।
यदि बच्चों की शादी कर दी है तो शादी के लिए ले रखे कर्जों को चुकाने वाले की कतार में हैं। यदि कर्जे भी चुका दिए हैं और बच्चे भी सेटल हो गए हैं तो आप बगीचों में, सड़क के किनारे सीमेंट की पट्टियों पे, समय गुजारने वालों फोकटिए बूढ़ों की कतार में हैं। यदि आप समय गुजारने वाले बूढों की कतार में हैं तो रात दिन देश की चिंता में घुलने वालों की कतार में हैं। यदि देश के लिए घुलने वालों की कतार में हैं तो धर्म की पुनर्स्थापना करने में अन्य धर्मों के लोगों की मां बहनों का पावन पुण्य स्मरण करने वाले कट्टर धर्मावलंबियों की कतार में हैं। और यदि आप शाम ढलते ढलते अनमने अनमने घर लौटने वाले बूढ़े हैं तो घर पे पहुंचते ही बीवी, बहु, बेटे, पोते की झिड़कियां सुनने वाले बूढ़ों की कतार में हैं।
यदि आप सुपर रिच हैं तो आप किसी और देश की नागरिकता पाने वालों की कतार में हो सकते हैं, बैंकों के गहन सहयोग से मिले अरबों रुपए के ऋण को राइटआॅफ करवाने के लिए व्याकुल लोगों की कतार में हो सकते हैं और यदि सारी तिकड़म असफल हो गई है तो आप देश छोड़ कर भागने वालों की कतार में हो सकते हैं। आप यदि वकील हैं तो जज बनने वालों की कतार में हैं और यदि जज हैं तो मुख्य न्यायाधीश बनने वालों की कतार में हैं। यदि मुख्य न्यायाधीश हैं तो सांसद या राज्यपाल बनने वाले की कतार में हैं।
यदि किसी शायरा को स्थापित कर चुके हैं तो गुरु दक्षिणा वसूलने वालों की कतार में हैं। यदि गुरु दक्षिणा वसूल चुके हैं तो फिर किसी और नवोदित कवियत्री को स्थापित करने वालों की कतार में हैं। आप लेखक हैं तो भांड बनने वालों की कतार में हैं। यदि भांड बन चुके हो तो पुरस्कृत होने वालों की कतार में हैं। यदि आप संरक्षक बन चुके हैं तो आप देश के कर्णधार होने वालों की कतार में हैं। यदि आप विपक्ष में हैं तो सरकार की बखिया उधेड़ने वालों की कतार में हैं। आप आशावादी हैं कि निराशा वादी, यादव हैं कि जाटव, पत्रकार हैं कि फनकार, भांड हैं कि सरकारी सांड, बाहुबली हैं कि अनारकली, यूट्यूबर हैं कि प्रोफेसर, वैज्ञानिक हैं कि सैनिक, मोड़ा है मोडी है या हैं किन्नर, आप सभी किसी न किसी कतार में हैं। कृपया प्रतीक्षा करें।

