जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: महाराष्ट्र के पुणे में चार साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। इस जघन्य अपराध के विरोध में सैकड़ों लोग नवले ब्रिज इलाके में मुंबई-बंगलूरू हाईवे पर उतर आए और घंटों तक सड़क जाम कर दी। प्रदर्शनकारियों ने बच्ची का शव सड़क पर रखकर आरोपी के खिलाफ कड़ी सजा की मांग की।
घटना की भयावहता
पुणे जिले के भोर तहसील में हुई इस वारदात में 65 वर्षीय आरोपी ने बच्ची को खाने का लालच देकर अपने साथ ले गया। उसे पशु बाड़े में ले जाकर दुष्कर्म किया और पत्थर से मारकर हत्या कर दी। इस घटना के सामने आने के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया।
संजय राउत का तीखा रुख
शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सरकार को ‘निकम्मी और अयोग्य’ करार देते हुए कहा कि अपराधियों के मन में कानून का डर खत्म हो गया है। राउत ने पुलिस प्रशासन पर भी आरोप लगाया कि न्याय की गुहार लगाने के लिए सड़क पर उतरी जनता पर लाठीचार्ज किया गया, जिसे उन्होंने संविधान का उल्लंघन बताया।
पुलिस कार्रवाई
- आरोपी को सीसीटीवी फुटेज के आधार पर गिरफ्तार किया गया।
- उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता और पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
- आरोपी को सात मई तक पुलिस हिरासत में भेजा गया।
- पुलिस सबूत जुटाकर केस मजबूत करने में लगी हुई है।
- अधिकारियों ने कहा कि मामले में कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
सरकारी प्रतिक्रिया
उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और घटना को मानवता पर कलंक बताया। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से फास्ट ट्रैक ट्रायल की मांग की गई। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने भी सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए और भरोसा दिया कि आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा मिलेगी।
सड़क जाम और जनता का गुस्सा
प्रदर्शनकारियों ने बच्ची के शव को सड़क पर रखकर सरकार और प्रशासन की उदासीनता के खिलाफ विरोध किया। यह विरोध करीब चार घंटे तक चला, जिससे मुंबई-बंगलूरू हाईवे पर यातायात बाधित हुआ।

