जनवाणी ब्यूरो |
मेरठ: योग एवं वैदिक विज्ञान के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए योगाचार्य राजीव कुमार ने निर्वाण यूनिवर्सिटी, जयपुर से अपनी पीएचडी (Doctor of Philosophy) की उपाधि सफलतापूर्वक प्राप्त की है।
उनका शोध विषय “Effect of Yoga on Adolescents’ Physical and Mental Health: An Experimental Study” रहा, जिसमें उन्होंने किशोरों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य पर योग के प्रभाव का वैज्ञानिक अध्ययन किया। इस शोध के अंतर्गत 14 से 18 वर्ष आयु वर्ग के लगभग 200 विद्यार्थियों (100 बालक एवं 100 बालिकाएं) पर प्रयोगात्मक अध्ययन किया गया, जिसके परिणाम अत्यंत सकारात्मक एवं प्रेरणादायक रहे।
डॉ. राजीव कुमार, जो कि Arogyadev Vedic Science Foundation (Trust) के संस्थापक हैं, पिछले कई वर्षों से कॉर्पोरेट योग, मानसिक स्वास्थ्य एवं वैदिक जीवनशैली के प्रचार-प्रसार में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं। उनके द्वारा विकसित “Corporate Yoga & Wellness Program” के माध्यम से हजारों लोगों को लाभ प्राप्त हुआ है।
इस अवसर पर डॉ. राजीव कुमार ने कहा कि “योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि यह एक सम्पूर्ण जीवनशैली है, जो विशेष रूप से आज के युवाओं और कॉर्पोरेट वर्ग के लिए अत्यंत आवश्यक है। मेरा शोध यह सिद्ध करता है कि नियमित योग अभ्यास से मानसिक तनाव, चिंता एवं शारीरिक समस्याओं में उल्लेखनीय सुधार संभव है।”
उन्होंने आगे कहा कि वे भविष्य में भी योग एवं वैदिक विज्ञान के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों, विशेषकर युवाओं और कॉर्पोरेट प्रोफेशनल्स के स्वास्थ्य सुधार के लिए निरंतर कार्य करते रहेंगे। डॉ. राजीव कुमार की इस उपलब्धि पर विभिन्न सामाजिक एवं शैक्षणिक संगठनों ने उन्हें शुभकामनाएं एवं बधाई दी है।

