- राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के किसानों ने 40 ट्रैक्टर ट्रालियों से दिल्ली के लिए कूच किया
- दिल्ली जाते समय किसानों ने लगाए कृषि कानून व सरकार विरोधी नारे
जनवाणी ब्यूरो |
बिजनौर: कृषि विरोधी काले कानून के विरोधी में दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन को समर्थन देने बिजनौर से किसान भारी लाव लश्कर के साथ दिल्ली गए। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के बैनर तले करीब 40 ट्रैक्टर-ट्रालियों में किसानों ने दिल्ली के लिए कूच किया। किसानों ने कृषि विरोधी कानून व सरकार विरोधी नारे भी लगाए।

शनिवार को राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन जिलाध्यक्ष विनोद कुमार चौधरी के नेतृत्व में किसानों का भारी हुजूम मॉडर्न ऐरा पब्लिक स्कूल पर एकत्र हुआ। जहां से करीब 40 ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर करीब एक हजार किसानों ने दिल्ली में चल रहे कृषि विरोधी कानूनों के विरोध में किसानों के आंदोलन को समर्थन देने के लिए कूच किया। बाईपास होते हुए किसानों का महारैला बैराज मार्ग पर कुछ देर के लिए रुका।
किसानों ने कृषि विरोधी कानून व प्रदेश तथा केंद्र सरकार के विरोध में नारेबाजी भी की। इस दौरान राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन जिलाध्यक्ष विनोद कुमार चौधरी ने कहा कि भाजपा की केंद्र सरकार ने जो तीनों कृषि कानूनों को पास किया है वह पूर्ण रूप से किसान विरोधी है।

उन्होंने कहा कि किसान भारी संख्या में दिल्ली में डटे हुए हैं और तब तक नहीं हटेंगे जब तक सरकार तीनों कानूनों को वापस नहीं ले लेती। जिलाध्यक्ष ने कहा कि दिल्ली किसान आंदोलन में जाने के लिए बिजनौर के किसानों में भारी उत्साह है।
इसी उत्साह के चलते हजारों की संख्या में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के बैनर तले किसान दिल्ली जा रहे हैं। वहीं युवा किसानों ने अपने ट्रैक्टरों पर डीजे की व्यवस्था भी कर रखी थी। किसान आंदोलन में डीजे की थाप पर किसान नाचते गाते दिल्ली की ओर कूच कर रहे थे।
गंगा बैराज पर पुलिस ने किया किसानों को रोकने का प्रयास
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के बैनर तले दिल्ली जा रही किसानों की भारी भीड़ जब गंगा बैराज पहुंची तो पुलिस प्रशासन ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। जिलाध्यक्ष विनोद कुमार ने पुलिस प्रशासन से कहा अगर किसानों को दिल्ली नहीं जाने दिया गया तो आंदोलन गंगा बैराज पर ही शुरु कर दिया जाएगा।
किसानों के तेवर देख पुलिस प्रशासन ने बैरीकेटिंग हटा दी और किसानों को दिल्ली जाने दिया गया। जिलाध्यक्ष विनोद कुमार चौधरी ने नेतृत्व में कैलाश लांबा, अंकुर चौधरी, संजी कुमार, गोविंद सिंह, पुखराज सिंह, पारुल चौधरी, वेदप्रकाश सिंह, राकेश कुमार, अचल शर्मा सहित हजारों किसानों ने दिल्ली के लिए कूच किया।

