- महिला अपनी बेटी से चलवाती थी नकली नोट 1.20 लाख बरामद
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ/गंगानगर: नकली नोटों का कारोबार रुकने का नाम नहीं ले रहा है। पूर्व में दर्जनों बार नकली नोटों के खुलासे के बाद भी इस काले धंधे में लोग सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। गंगानगर पुलिस ने सोमवार को एक महिला समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर उनके पास से एक लाख 20 हजार रुपये के नकली नोट बरामद किये हैं। महिला अपनी बेटी की मदद से नकली नोट चलवा रही थी।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि सिखेड़ा गांव में रहने वाली सुमन ने अपनी बेटी को गांव के एक दुकान में कुछ सामान लेने के लिये भेजा। बेटी ने पहले दिन नकली नोट के जरिये सामान लिया और घर आ गई। इसके बाद दूसरे दिन फिर बेटी को सामान लेने भेजा गया। दुकानदार को शक हुआ तो उसने बेटी को रोककर पूछा कि यह नोट तुमको किसने दिया। बेटी ने बताया कि उसे यह नोट मम्मी ने दिया है।
दुकानदार ने नकली नोट की सूचना गंगानगर थाने को दी। इंस्पेक्टर गंगानगर बिजेन्द्रपाल राणा ने एक टीम लगा दी। पुलिस सूत्रों ने बताया कि जब महिला सुमन से पूछताछ की गई तो पहले वह इनकार करती रही, लेकिन सख्ती करने पर उसने बताया कि नकली नोट बनाने का काम सिवाया निवासी उसका भांजा रोबिन करता है। इस सूचना पर पुलिस ने सिवाया से रोबिन को पकड़ कर प्रिंटर बरामद कर लिया।
उसके पास से 1.20 लाख रुपये बरामद किये गए। जब रोबिन से पूछताछ हुई तो उसने अपने गुरु सिकन्दर को पकड़वा दिया। पुलिस ने बाद में प्रशांत नामक युवक को पकड़ा। बताया जाता है कि प्रशांत ही इनका मास्टरमाइंड है। पुलिस ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करते हुए बताया कि नकली नोट का काम कुछ महीनों से कर रहे हैं। फिलहाल आरोपियों से पूछताछ करने में लगी हुई है।
गौरतलब है कि टीपीनगर थाने की पुलिस ने टीपी नगर निवासी सुनील कुमार को नोएडा से पकड़ कर उसके पास से 1,97,200 जाली नोट, प्रिंटर और अन्य सामग्री बरामद की थी। फिलहाल ये गौतमबुद्धनगर में किराए के मकान में रह रहा था। इसके कब्जे से 50 हजार रुपये के असली नोट भी बरामद हुए थे। गत 20 जून को पुलिस ने नकली नोट बनाने वाले एक शातिर गैंग के तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से दो लाख 60 हजार के नकली नोट और काफी तादाद में अर्द्धनिर्मित नकली नोट व प्रिंटर समेत कागज बरामद किये थे।

