जनवाणी संवाददाता |
चांदपुर: नगर के जलीलपुर मार्ग पर तेरह माह पूर्व मार्बल कारोबारी के साथ हुई लूट के वांछित आरोपियों को दिल्ली सेंट्रल जेल से बी वारंट पर लाकर पुलिस ने कोर्ट में पेश किया। आरोपियों के साथ एनआईए अधिकारी के हत्या आरोपी के आने से न्यायालय परिसर में भीड़ जमा हो गई।
कस्बे के जलीलपुर मार्ग स्थित एरन मार्बल स्टोर के स्वामी को 24 फरवरी 2020 की शाम आधा दर्जन से अधिक सशस्त्र बदमाशों ने गन प्वाइंट पर लेकर लगभग दो लाख रुपए की नकदी के साथ ही अन्य कीमती सामान लूट लिया था। घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
पुलिस ने घटना के मामले में तफ्तीश करते हुए चार आरोपियों को जेल भेज दिया था ।गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने घटना में बदायूं जनपद के कस्बा सहसवान निवासी जैनुल उमर पुत्र असगर अली व कमर अली के शामिल होने की बात कही थी।
आरोपियों के बताए अनुसार पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाया तो जैनुल उमर पुत्र असगर अली व कमर अली पुत्र सादिक निवासी मोहल्ला काजी बड़ी सहसवान जिला बदायूं के घटना को अंजाम देने में शामिल होने की बात सामने आई थी। दोनों आरोपी लंबे समय से दिल्ली के रोहिणी स्थित सेंट्रल जेल में बंद थे।
जांच अधिकारी ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र देकर सेंट्रल जेल में बंद आरोपियों को वी वारंट पर तलब करने की गुहार लगाई थी। न्यायालय द्वारा जारी वारंट के आधार पर बुधवार को दोनों आरोपियों को दिल्ली पुलिस गाड़ी में लेकर स्थानीय न्यायालय पहुंची थी। जिस गाड़ी मे लूट के दोनों आरोपी लाए गए थे।
उसी गाड़ी में सहसपुर कस्बे के रहने वाले एनआईए अधिकारी तंजील अहमद की हत्या को अंजाम देने वाला शातिर अपराधी मुनीर भी आया था। मुनीर के आने की भनक लगते ही न्यायालय परिसर में बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं की भीड़ लग गई।
लगभग 2 दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों ने गाड़ी वी न्यायालय परिसर को चारों ओर से घेर रखा था। प्रभारी थाना अध्यक्ष पंकज तोमर ने आरोपियों को वी वारंट पर रोहिणी सेंट्रल जेल से न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में विवरण पर लाए जाने की बात कही है।

