- छूट नहीं मिलने पर भी ग्राहकों को अंदर कर की जा रही बिक्री
जनवाणी ब्यूरो |
शामली: कोरोना संक्रमण रोकने के लिए लॉकड़ाउन कर्फ्यू लगाया गया और लोगों को राहत देने के लिए सुबह के समय फल-सब्जी, दूध, किराना आदि की छूट दी गई लेकिन इस छूट का लोगों ने गलत अर्थ निकालते हुए कोरोना संक्रमण के फैलाव को बढ़ावा देने वाला काम शुरू कर दिया।
लाकडाउन होने के बाद भी ऐसा नहीं लगता कि कहीं कुछ बंद है। लोग बाजारों में ऐसे घूम रहे हैं कि फिर कभी बाजार खुलेंगे ही नहीं। ईद के मद्देनजर जो दुकानें नहीं खोलने की छूट है वो दुकानें भी खोली जा रही हैं और ग्राहकों को अंदर दुकानों में खरीदारी के लिए छोड़कर बाहर से शटर बंद किाय जा रहा है। एसडीएम और सीओ सिटी ने पुलिस बल के साथ ऐसे कई दुकानदारों को जमकर हड़काया और चेतावनी दी।

लॉकडाउन कर्फ्यू में प्रशासन ने सुबह सात बजे से 12 बजे तक की छूटी दी है। इस छूट में किराना, फल, सब्जी, दूध, किराना व पेस्टीसाइड की दुकानें शामिल है। लेकिन शामली के बाजारों में कपड़ा, जूता, कॉस्मेटिक से लेकर बाकी सभी दुकानें खोली जा रही है।
यदि कुछ दुकानदार दुकान खोलकर ग्राहकों को सामान न दें तो कोई ग्राहक भी बाजार में नहीं पहुंचेगा। लेकिन ग्राहकों ने हठधर्मिता की सारी हदें पार कर रखी हैं। 10-15 ग्रामीणों को एक दुकान में अंदर घुसाकर बाहर से शटर डाल देते हैं। इन दुकानों में सैनेटाइजर तक भी व्यवस्था नहीं है।
इस सबसे कोरोना संक्रमण की चेन टूटने के बजाए और भी ज्यादा बढ़ने की संभावनाएं हैं। ग्राहक भी अपनी और अपने परिवार की जिंदगियों से खिलवाड़ करने से बाज नहीं आ रहे। क्योंकि कोरोना बीमारी किसी धर्म, जाति या इंसान को नहीं देख रहा।
मंगलवार को सीओ सिटी प्रदीप सिंह ने पुलिस बल को साथ लेकर बाजारों में ऐसे दुकानदारों के खिलाफ अभियान भी चलाया। एसडीएम-सीओ ने दर्जनों दुकानों में घुसे ग्राहणों को बाहर निकालते हुए खूब नसीहत की और दुकानदारों को हड़काते हुए कार्रवाई चेतावनी दी।

