- अपर निदेशक स्वास्थ्य ने मंडल भर के सीएमओ के साथ की तैयारियों की समीक्षा
- मंडल भर में 57 ऑक्सीजन लगाए गए प्लांट, सबसे ज्यादा बुलंदशहर में 15 प्लांट
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने युद्ध स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी है। शनिवार को अपर निदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य डा. राजकुमार ने मंडल के सीएमओ को 31 जुलाई तक ऑक्सीजन जनरेशन प्लांट चालू कराए जाने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने बताया कोरोना कि मंडल में 57 ऑक्सीजन प्लांट लगाये जा रहे हैं।
मेरठ, गाजियाबाद व गौतमबुद्धनगर में 11-11 प्लांट, बुलंदशहर में 15, बागपत में तीन, हापुड़ में छह प्लांट लगाये जा रहे हैं। इनका 90 प्रतिशत कार्य पूरा किया जा चुका है। तीसरी लहर में बच्चों को लेकर जिस प्रकार की आशंका व्यक्त की जा रही हैं उसके मद्देनजर प्रयास है कि बच्चों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
इसके लिये मेरठ में आठ, गाजियाबाद में छह, गौतमबुद्धनगर में पांच, बागपत में सात, बुंलदशहर में छह, हापुड में पांच, पीडियाट्रिक आईसीयू (पीकू) वार्ड बनाये गये हैं। मंडल में आईसोलेशन वार्ड तैयार किये गये हैं, जिसमें मेरठ में 202, गाजियाबाद में 110, गौतमबुद्धनगर में 109, बुलंदशहर में 100 हापुड में 60 व बागपत में 190 वार्ड हैं।
इसके अलावा मंडल के जिलों में आईसीयू तैयार की गयी हैं, जिसमें मेरठ में 178, गाजियाबाद में 70, गौतमबुद्ध नगर में 41, बुलंदशहर में 20, हापुड़ में 28 व बागपत में 48 आईसीयू तैयार की गयी हैं।
आक्सीजन प्लॉट का ट्रायल भी कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की देखरेख में किया जा चुका है। आशा व एएनएम को किया प्रशिक्षित मंडल की आशा व एएनएम को बाकायदा प्रशिक्षण दिया गया है कि अगर कोरोना की तीसरी लहर आती है तो किस तरह उससे निपटना है।
इसके लिये यूनिसेफ व डब्ल्यूएचओ के विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण दिया गया है। कोरोना अभी खत्म नहीं हुआ है इसलिये सावधानी बरतें डा. राजकुमार ने कहा कि कोरोना अभी खत्म नहीं हुआ है, इसलिये लापरवाही किसी भी हालत में न बरती जाएं। जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें और वह भी मास्क पहन कर। दो गज की दूरी बनाए रखें इसी में हम सबकी भलाई है।

