Wednesday, May 25, 2022
- Advertisement -
- Advertisement -spot_img
HomeUttar Pradesh NewsMuzaffarnagarमेघालय के राज्यपाल ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना

मेघालय के राज्यपाल ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना

- Advertisement -
  • कहा- किसान विरोधी है भाजपा सरकार, परेशान करने के ढूंढती है बहाने
  • किसान आंदोलन में हुई 700 किसानों की मौत पर भी नहीं व्यक्त की संवेदना
  • देश में साम्प्रदायिक रंग देकर किया जा रहा बर्बाद, महंगाई रोकने के नहीं कोई इंतजाम

जनवाणी संवाददाता |

तितावी: मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि यदि सरकार की नीयत ठीक हो तो बिना लोगों की जान लिए बहुत काम हो सकते हैं। किसान आंदोलन में 700 लोगों की जान गई, परन्तु सरकार को इस पर कोई अफसोस नहीं है। अगर कोई कुतिया भी मरती है तो दिल्ली से चिट्ठी जाती है, लेकिन किसानों को संवेदना के लिए सरकार ने एक चिट्ठी तक नहीं लिखी। सरकार की इसी कार्यप्रणाली को देखते हुए मुझे बोलना पड़ा।

सतपाल मलिक बघरा स्थित दरगाह ए आलिया बाबुल हवाईज में किसान सम्मान कार्यक्रम में बोल रहे थे। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान से हुआ। इससे पूर्व मेघालय के गवर्नर सत्यपाल मलिक को गार्ड आॅफ आॅनर दिया गया। उन्होंने कहा कि मैंने प्रधानमंत्री से उस समय कहा था कि वह ठीक नहीं कर रहे हैं, जिस पर प्रधानमंत्री का जवाब था कि किसान चले जायेंगे, जिस पर मेरा जवाब था कि सिक्ख समाज के लोग किसी बात को तीन सौ साल तक नहीं भूलते है।

उन्होंने एक पुराना वाक्या बताते हुए कहा कि इन्दिरा गांधी ने ऑपरेशन ब्लू स्टार किया था उसके बाद अपने फार्म हाउस पर एक माह महामृत्युंजय का पाठ कराया था। अरुण नेहरू ने उस समय इन्दिरा गांधी से पूछा था कि बुआ यह सब कुछ क्यों करा रही हो, उस पर इन्दिरा गांधी ने जवाब दिया था कि यह सिख लोग हैं मैने इनके स्वर्ण मंदिर पर हमला किया है। अकाल तख्त तोड़ा यह मुझे मरावा देंगे और वहीं हुआ भी था।

राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि जब सरकार ने तीन कानून वापिस ले लिये थे और किसान धरना छोड़कर वापिस जा रहे थे, उस समय किसानों ने कहा था कि धरना खत्म हुआ है, लड़ाई खत्म नहीं हुई है। यह लड़ाई तब तक चलेगी, जब तक एमएसपी का मामला नहीं सुलझता।

उन्हांेने कहा कि भाजपा सरकार अपने दोस्तों के लिए काम कर रही है। तीन कानून पास होने से पहले अडानी ने पानीपत के लिए 500 एकड मंे अपना गोदाम बना लिया था। उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि बिना एमएसपी के शांति नहीं होगी, इसलिए सरकार किसानों के हक में फैसला करंे।

साम्प्रदायिक सौहार्द्र बनाने की अपील

राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि लोगों को सरकार की साजिश को समझना चाहिए। जिस जनपद में 1947 में दंगा नहीं हुआ, उसमें 2013 में कैसे दंगा हो गया। उन्होंने कहा कि 1947 में जब बंटवारा हुआ था तो यहां के हिन्दू मुस्लिमों को टेªेन से उतारकर वापस लाए थे। लेकिन अब क्या हो गया है। पूरे देश में जिन चीजों पर झगडा होना चाहिए उस पर झगडा नहीं हो रहा है और जिस पर नहीं होना चाहिए, उस पर झगड़ा कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि झगडा होना चाहिए कि पेट्रोल-डीजल के दाम क्यों बढ़ रहे हैं। रसोई गैस के दाम क्यों बढ़ रहे हैं। झगडा होना चाहिए कि नौजवानों को रोजगार क्यों नहीं मिल रहा है। किसानों को उनका दाम क्यों नहीं मिल रहा है। लेकिन झगड़ा हो रहा है हिन्दू-मुस्लिम के नाम पर, जिसे नहीं होना चाहिए। उन्होंने लोगों से आह्नान करते हुए कहा कि आप सभी भाईचारे से रहे एक दूसरे की इमदाद करें।

राज्यपाल सत्यपाल मलिजक ने चै. छोटू राम का नाम जिक्र करते हुए कहा कि आजादी से पहले पंजाब में एक सरकार थी, जिसके चीफ मिनिस्टर थे सिकंदर हसात खां। वायसराय ने सिकंदर हयात खां से कहा कि मुझे गेहूं चाहिए। वायसराय ने छोटू राम से तीन मन के हिसाब से गेहूं मांगा था। सर छोटूराम ने कहा था कि दाम आप नहीं तय करेंगे। गेहूं का दाम सात रूप्ये होगा। वायसराय ने कहा कि मैं फौज भेजकर गेहूं ले लूंगा। छोटूराम ने कहा कि कुछ भी हो जाए सात रुपये से कम में गेहूं नहीं दिया जाएगा। खेत में खड़ा गेहूं जला देगे एक दाना नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि आज भी दाम वायसराय तय कर रहा है, छोटू राम नहीं नहीं कर रहा है।

सत्यपाल मलिक ने कहा कि उनके राज्यपाल होते हुए चार बार तबादला हुए। वह कश्मीर के उस समय राज्यपाल थे, जब कश्मीर से धारा 370 हटाई जानी थी। चीफ सेक्रेट्री ने कहा था कि यदि धारा 370 हटाई गयी थी, तो हजारों लोग मरेंगे, क्योंकि जब बुरहान वानी मरा था 150 आदमी मरेे थे। लोग थानों पर चढ़ जाएंगे। हिंसा हो जाएगी। मुझे यकीन था कि मेरे होते कुछ नहीं होगा, क्योंकि मैंने लोगों के दिलों को जीता था।

धारा 370 हट गई और कुछ भी नहीं हुआ। तीन-तीन चीफ मिनिस्टर गिरफ्तार हुए लेकिन कुछ नहीं हुआ। उन्होंने कह हुर्रियत के चीफ थे गिलानी व मुजफ्फर बेग थे, जो कहते थे कि इस गवर्नर के साथ समझौता हो सकता है, क्योंकि जब यह बात करता है तो दिल निकालकर हथेली पर रख लेता है। उन्होंने कहा कि उन्होंने ढेड साल में कश्मीर को 40 डिग्री काॅलेज दिए और पूरे कार्यकाल में एक भी गोली तक नहीं चली।

कार्यक्रम में यह रहे मौजूद

कार्यक्रम में किसान में पूर्व सांसद हरेन्द्र मलिक ने सत्यपाल मलिक को गदा देकर अभिनंदन किया गया। राज्यपाल सत्यपाल मलिक को विभिन्न संगठनों द्वारा सम्मानित किया। इस दौरान दरगाह सचिव इमरान अली, सपा जिलाध्यक्ष प्रमोद त्यागी, इलम सिंह गुर्जर, अहसन अली भूरा, सलीम कुरैशी, मौलाना मोहम्मद नजर, ऐनुद्दीन, अजमत अली, रियाज अली, जुनैद रऊफ, अब्दुल रहमान, फिरोज जमाल सहित काफी संख्या में किसान व लोग मौजूद रहे।

बेटियों को पढ़ाने पर दिया जोर

मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने लड़कियों की पढ़ाई पर जोर देते हुए कहा कि लड़कियों को पढ़ाओ यह लड़कों से जाएंगे जाएंगी। उन्होंने कहा कि मैं पांच स्टेट में गर्वनर रहा हूं। उन्होंने कहा कि वह जिस कार्यक्रम में जाते हैं, यदि वहां पर 30 मेडल होते तो उनमें से लड़कियों के पास 20 होते थे। उन्होंने कोंडोलिजा राइस का उदहारण देते हुए कहा कि वह पढ़ाई के बलबूते विदेश मंत्री बनी थी। अगर आप लड़कियों को पढ़ाओंगे तो लोग उन्हें सलाम करेंगे।

उन्होंने समाज में फैली बुराईयों से बचने को कहा। उन्होंने अमेरिका और ब्रिटेन का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां पढ़ाई के बूते 50-50 नोबल मिले हैं हमारे देश में सारे ही 12 नोबल है। पालिर्यामेंट में भी शिक्षा को लेकर बात नहीं होती। उन्होंने कहा कि ब्रिटेन में जब लड़ाई हुई तो बजट पेश किया गया जिसमें सभी क्षेत्र में कटौती गई लेकिन शिक्षा के बजट में कोई कटौती नहीं की गई।

What’s your Reaction?
+1
0
+1
1
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
- Advertisement -
spot_img
- Advertisment -
- Advertisment -

Most Popular

- Advertisment -
- Advertisment -spot_img
- Advertisment -

Recent Comments