Friday, May 1, 2026
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गया था खुशी मनाने, मिली मौत, परिजन बोले, हत्या की गई

  • टीपीनगर निवासी उजैफा के साथ हादसा या दोस्तों ने कर डाली हत्या

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: दोस्तों के साथ मेरठ में ही शादी में शामिल होने जाने की बात कहकर घर से निकले मलियाना निवासी 24 साल के युवक उजैफा की संदिग्ध हालत में मौत हो गयी। अभी यह साफ नहीं कि उसकी मौत हत्या है या हादसा। परिजनों का आरोप है कि दोस्तों ने ही उसकी हत्या की है। टीपीनगर के मलियाना निपासी उजैफा पुत्र नवेद ट्रांसपोर्ट नगर में टायर पंक्चर की दुकान चलाता था। बीती 23 अक्तूबर की देर शाम को उसके दोस्त वीरा पुत्र इफ्तेकार, कैफी पुत्र वकील निवासी खड़ौली, अनस निवासी सतवाई, मुशरफ पुत्र मुदसीर निवासी सिवाल घर पहुंचे और शादी में जाने की बात कहकर अपने साथ ले गए।

जिस वक्त दोस्तों के साथ उजैफा घर से निकला था, उसके पिता नावेद घर पर नहीं थे वह भी ट्रांसपोर्टनगर में टायर पंक्चर लगाने की दुकान चलते हैं। वह दुकान ही मौजूद थे। उन्होंने बताया कि उनका बेटा मां से 11 बजे तक लौट कर आने को कह गया था। जब रात 12 बजे तक वह नहीं लौटा तो उसके मोबाइल पर कॉल किया, उसने एक बजे तक घर पहुंचने की बात कही। जब वह नहीं पहुंचा तो तड़के चार बजे कॉल किया। उसने 15 मिनट में निकलने की बात कही। 15 मिनट बाद दोबारा कॉल किया तो इस बार फोन उसके दोस्त अनस ने उठाया, लेकिन बात नहीं की। उसके बाद मोबाइल नंबर स्वीच आॅफ हो गया।

परिवार वाले परेशान रहे। करीब आठ बजे नवेद के एक अन्य दोस्त नदीम की कॉल पिता के पास पहुंची। उसने उजैफा के एक्सीडेंट की खबर दी और बताया कि नोएडा के सेक्टर-62 के सरगोधिया नर्सिंग होम में वह भर्ती है। परिजन गाड़ी लेकर बताए गए स्थान पर पहुंच गए। वहां पर उजैफा भर्ती था। उसकी हालत बेहद खराब थे। जब पूछा की कौन भर्ती कराया गया तो बताया गया कि सुबह-सुबह दो युवक आए थे और नर्सिंग होम के बाहर फेंक चले गए। परिवार वाले वहां से छुट्टी कारकर गुरुवार दोपहर मेरठ ले आए और मेडिकल में भर्ती करा दिया। उसकी हालत गंभीर थी, शुक्रवार को उपचार के दौरान उजैफा की मेडिकल में मौत हो गयी। मृतक के पिता का कहना है कि उसके बेटे की हत्या की गयी है।

मुकदमा दर्ज करने को राजी नहीं पुलिस

उजैफा के पिता नवेद का आरोप है कि उन्होंने बेटा खो दिया। बेटे की मौत के लिए जिम्मेदारों को सलाखों के पीछे पहुंचाने के लिए वह तहरीर लेकर दर-दर भटक रहे हैं, लेकिन पुलिस तहरीर तक लेने को तैयार नहीं। उन्होंने बताया कि वह थाना टीपीनगर भी गए थे और गाजियाबाद के थाना इंद्रापुरम भी गए थे, लेकिन पुलिस ने उनकी न तो तहरीर ली और न ही मुकदमा दर्ज कर रही है।

बड़ा सवाल, नोएडा कैसे पहुंच गए ?

मृतक के पिता नवेद का कहना है कि दोस्त मेरठ में शादी की बात कहकर उजैफा को लेकर गए थे, लेकिन वो लोग नोएडा कैसे पहुंच गए। यह समझ नहीं आ रहा है। सभी दोस्तों के मोबाइल स्वीच आॅफ जा रहे हैं। आशंका जतायी जा रही है कि ये लड़के नोएडा के किसी नाइट क्लब में गए थे। वहां कोई बात हुई जिसमें उजैफा के साथ मारपीट की गयी। उन्होंने बताया कि वह टीपीनगर थाने पर तहरीर देने गए थे, लेकिन वहां बताया कि एफआईआर नोएडा में ही दर्ज होगी। फिलहाल सुपुर्दे खाक करने के बाद परिजन नोएडा जाने की बात कह रहे हैं।

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