नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉट कॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। इस बार के हफ्ते में फसलों की बोआई पिछड़ गई है। बताया जा रहा है कि, खरीफ की फसलों में कमी दर्ज की गई है। दरअसल, दलहन फसलों की बोआई कम होने के कारण बोआई पिछड़ रही है।

बता दें कि, दलहन फसलों का रकबा करीब 11 फीसदी घटा है। खरीफ सीजन की प्रमुख फसल धान के रकबा में बढोतरी दर्ज की गई। तिलहन और गन्ने का रकबा भी बढ़ा है।
खरीफ फसलों की बोआई हो चुकी

आंकड़ों के अनुसार, बीते दिन यानि 28 जुलाई को खत्म सप्ताह तक 830.31 लाख हेक्टेयर में खरीफ फसलों की बोआई हो चुकी है। दरअसल पिछले हफ्ते यह अवधि के 832.82 लाख हेक्टेयर से 0.30 फीसदी कम है।
खरीफ सीजन की सबसे बड़ी फसल धान 237.58 लाख हेक्टेयर में बोई जा चुकी है। इस तरह धान की बोआई में करीब 2 फीसदी इजाफा हुआ है। गन्ने का रकबा 2.7 फीसदी बढ़कर 56 लाख हेक्टेयर, जबकि कपास का रकबा एक फीसदी गिरकर 116.75 लाख हेक्टेयर रहा।
दलहन की बोआई सुस्त
वहीं, इस वीक दलहन फसलों की बोआई सुस्त रही है। इस वीक तक 96.84 लाख हेक्टेयर में दलहन फसलों की बोआई हो चुकी है, जो पिछली समान अवधि की बोआई 109.15 लाख हेक्टेयर से 11.3 फीसदी कम है। अरहर का रकबा 16 फीसदी घटकर 31.51 लाख हेक्टेयर, मूंग का रकबा 7.2 फीसदी घटकर 27.64 लाख हेक्टेयर और उड़द का रकबा 14.1 फीसदी घटकर 25.83 लाख हेक्टेयर रहा।
तिलहन में इजाफा


