Tuesday, April 21, 2026
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Tag: सैद्धांतिक स्वायतता

समाज के विकास में शिक्षक का अमूल्य योगदान अद्वितीय

ॐ अज्ञान तिमिरान्धस्य ज्ञानाञ्जनशलाकया। चक्षुरुन्मीलितं येन तस्मै श्रीगुरवे नमः।। अर्थात! मैं घोर अज्ञान के अन्धकार में उत्पन्न हुआ था, और मेरे गुरु ने अपने ज्ञान...
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