- भरी दोपहरी और लेट नाइट जारी है अघोषित कटौती
- लो वोल्टेज ले रही घरेलू बिजली के उपकरणों की जान
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: बिजली की अघोषित कटौती को लेकर हालात में किसी भी प्रकार के सुधार नजर नहीं आ रहे हैं। पीक ओवर जब बिजली की सबसे ज्यादा लोगों को जरूरत होती है। उस दौरान बगैर किसी पूर्व सूचना के बिजली गुल कर देने का सिलसिला भी जारी है। यदि बिजली आपूर्ति बहाल भी कर दी जाती है तो वोल्टेज इतने ज्यादा डाउन होते हैं कि बिजली के घरेलू उपकरणों की जान पर बन आती है। लो वोल्टेज के चलते रविवार तड़के करीब तीन बजे पल्लवपुरम थाना के एनएच-58 स्थिति अंसल कोर्टयार्ड कालोनी में एक फ्लेट की वॉयरिंग में अचानक आग लग गयी।
गनीमत यह रही कि कालोनी का इलेक्ट्रीशियन वक्त रहते पहुंच गया और जिन वायरिंग में आग लगी थी उन्हें काटकर अलग किया गया। हालांकि पूरी रात परिवार को बगैर लाइट के रहना पड़ा। बिजली आपूर्ति को लेकर पीवीवीएनएल अफसर भले ही कुछ भी दावे करते रहे, लेकिन अब भी बिजली आपूर्ति को लेकर स्थिति संतोषजनक की श्रेणी में नहीं मानी जा रही है। हां इतना जरूरी है कि एमडी पीवीवीएनएल ने कार्य में लापरवाही के आरोप में मातहतों पर जितनी भी अब तक कार्रवाई की है जानकारों का कहना है कि इतनी कार्रवाई पीवीवीएनएल में पहले कभी नहीं हुई है।
एक्सईएन, एसडीओ, जेई, भंडार प्रभारी सरीखे तमाम अफसरों के खिलाफ एमडी पावर ने कार्रवाई की है। विभाग के हालात की यदि बात की जाए तो स्टॉफ का कहना है कि कब कौन नाप दिया जाए कुछ नहीं कहा जा सकता। वहीं, इस संबंध में चीफ राघवेंद्र यादव ने बताया कि बिजली आपूर्ति में निरंतरता बनाये जा रही है। जहां ट्रांसफार्मर फुंक रहे हैं, उन्हें बदला भी जा रहा है।
शीश महल में लगा ट्रांसफार्मर, बाबा खाकी में शीघ्र
विद्युत नगरीय वितरण खंड प्रथम घंटाघर अधिशासी अभियंता महेश कुमार के नेतृत्व में नवागत उपखंड अधिकारी अष्टम योगेश बजाज द्वारा 630 व 400 केवीए ट्रांसफार्मर का काम पूरा करते हुए शीश महल व आसपास के इलाके की बिजली कटौती की समस्या का समाधान किया गया। इसके अलावा अधिशासी अभियंता विद्युत नगरीय वितरण खंड प्रथम ने बताया कि जल्दी ही एक 230 केवीए का ट्रांसफार्मर बाबा खाकी और राजू की कुईया पर भी लगवाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि शीघ्र ही इस पूरे क्षेत्र की बिजली से संबंधित जो भी समस्या है उसका समाधान करा दिया जाएगा।
फुंक रहे हैं तो बदले भी जा रहे हैं ट्रांसफार्मर
बीते सालों की तुलना में इस साल गर्मी अधिक पड़ रही है। इसमें किसी का कोई शक सुबहा नहीं है। एक अनुमान के अनुसार इस साल अब तक करीब 700 छोटे बड़े ट्रांसफार्मर फुंक चुके हैं, लेकिन जितनी बड़ी संख्या में ट्रांसफार्मर फुंक रहे हैं। उसी अनुपात में एक दो दिन के इंतजार के बाद ट्रांसफार्मर बदले भी जा रहे हैं। ट्रांसफार्मर फुंकने का बड़ा कारण लोड का अधिक होना बताया गया है।

