- विवि और ग्राम पाठशाला के बीच हुआ एमओयू
- छह माह में विवि परिक्षेत्र में स्थापित किए जाएंगे 100 पुस्तकालय
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय एवं ग्राम पाठशाला के बीच मंगलवार को पांच साल के लिए एक एमओयू हुआ। इस एमओयू के माध्यम से पूरे देश के ग्रामीण क्षेत्रों में पुस्तकालय बनाने का कार्य किया जाएगा। इसके अतिरिक्त सामाजिक गतिविधियां, पर्यावरण संरक्षण, प्राकृतिक संसाधन शोध एवं प्रकाशन, स्टार्टअप, सेमिनार, कार्यशाला आदि क्षेत्रों में दोनों संस्थाए मिलकर कार्य करेगी।
विभिन्न सरकारी एवं गैर सरकारी संगठनों के साथ प्रशिक्षण एवं विकास आधारित कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा,साथ ही शिक्षा के प्रति जागरूकता, जल संरक्षण, कृषि, स्वास्थ्य एवं बाल संरक्षण अधिकारों के प्रति भी समय-समय पर अभियान चलाया जाएगा।
इस अवसर पर विवि कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला ने कहा कि ग्राम पाठशाला के साथ विश्वविद्यालय अपने सामाजिक दायित्वों का निर्वहन तो करेगा ही साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में रह रहे युवा वर्ग को पुस्तकालय में जाकर पठन-पाठन के वातावरण से जोड़कर उनके कैरियर को उनकी रुचि एवं प्रतिभा के अनुरूप नई दिशा देगी। उन्होंने कहा यह संस्था सात राज्यों के 350 गांव में पुस्तकालय स्थापित कर चुकी है।

हमारा लक्ष्य रहेगा कि ग्रामीण वासियों की सहायता से आगामी छह माह में विवि परिक्षेत्र में 100 पुस्तकालय स्थापित करेगा। उन्होंने नालंदा एवं तक्षशिला विश्वविद्यालय का उदाहरण देते हुए कहा कि नालंदा एवं तक्षशिला विश्वविद्यालय इसी प्रकार सामाजिक सहायता के मॉडल पर न केवल स्थापित किए गए बल्कि उनका संचालन भी इसी मॉडल पर किया गया।
उन्होंने बताया कि नालंदा एवं तक्षशिला विश्वविद्यालय के क्षेत्रों के लोग अपने घर की आवश्यकताओं के लिए जिस प्रकार धनराशि को बचा कर रखते थे उसी तरह उसका एक हिस्सा उन विश्वविद्यालय के संचालन के लिए भी निकाला जाता था। ग्राम पाठशाला के साथ मिलकर हम उसी मॉडल पर कार्य करते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में पुस्तकालय स्थापित कराएंगे।
इस अवसर पर ग्राम पाठशाला के प्रतिनिधि एवं विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र डा. लाल बहार ने कहा कि पिछले दो वर्ष में देश के सात राज्यों में 350 पुस्तकालय ग्रामीण वासियों की सहायता से बनाए गए हैं। इन पुस्तकालयों में सभी आधुनिक सुविाधाएं जैसे इंटरनेट युक्त कम्प्यूटर, अद्यतन पुस्तके, सीसीटीवी कैमरे जैसी सुविधाएं उपलब्ध है।
उन्होंने बताया कि ग्राम पाठशाला संस्था में सभी लोग नौकरी पेशा है तथा शनिवार एवं रविवार को विभिन्न गांवों में जाकर इस प्रकार के कार्य करते है। कार्यक्रम का संचालन प्रो. वीरपाल सिंह ने किया। इस अवसर पर प्रो. वाई विमला, कुलसचिव धीरेंद्र कुमार, प्रो. एनसी लोहनी, प्रो. शिवराज पुंडीर, प्रो. मुकेश शर्मा सहित कई विभागों के अध्यक्ष मौजूद रहे।

