- बेमौसम बारिश से फसलों को पहुंचे नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग
जनवाणी संवाददाता |
मुजफ्फरनगर: रालोद विधायक और कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर सरकार के विरोध में प्रदर्शन किया। जनपद में बेमौसम बरसात के कारण फसलों के पहुंचे नुकसान का हर्जाना किसानों को दिलाने की मांग की गई। रालोद नेताओं ने दलित समाज के संबंध में जारी किए गए शासनादेश को भी वापस लेने की मांग सरकार से की।
शनिवार को रालोद विधायक, कार्यकर्ताओं के साथ कलेक्ट्रेट पहुंचे। वहां पर प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। रालोद कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपे ज्ञापन में कहा कि बेमौसम बरसात के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा है। इससे किसान को भारी आर्थिक हानि का सामना करना पड़ रहा है। मांग की गई कि सरकार मामले में गंभीरता से संज्ञान लेते हुए किसानों को फसल नुकसान का सर्वे कराकर उन्हें उचित मुआवजा दिलाएं। रालोद कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार से जारी किए गए नए शासनादेश को भी वापस लेने की मांग की।
रालोद विधायक अनिल कुमार ने कहा कि सरकार ने शासनादेश जारी कर दलित समाज की जमीन बेचने के मामले में डीएम की अनुमति की बाध्यता खत्म कर दी है। उन्होंने कहा कि ऐसी आशंका है कि इससे बहुत से भू-माफिया गरीब दलितों की मजबूरी का फायदा उठा सकते हैं और उनकी जमीन औने-पौने दामों में खरीद सकते हैं।
रालोद कार्यकर्ताओं और अन्य विधायकों ने मुख्यमंत्री को भेजे गए ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि सरकार ने शासनादेश को वापस ले। इस मौके पर विधायक चंदन चौहान, रालोद जिलाध्यक्ष संदीप मलिक, दीन मोहम्मद आदि पार्टी कार्यकर्ता और नेता शामिल रहे। रालोद विधायक अनिल कुमार ने आरोप लगाया कि 6 साल के दौरान सरकार की कोई खास उपलब्धि नहीं रही। इस दौरान सरकार ने केवल धार्मिक उन्माद पैदा करने का काम किया।

