- सरकारी भूमि बताकर किश्त के रुपये लौटने के आदेश
- पीड़ित लोगों ने कलक्टेट में प्रदर्शन कर जांच की मांग की
जनवाणी संवाददाता |
शामली: प्रधानमंत्री आवास योजना में बनाए गए आवासों में अपात्रों का जिन्न अब शामली में भी निकल गया है। गढ़ीपुख्ता में तालाब की भूमि पर कब्जा कर प्रधानमंत्री आवास योजना में बनाए गए मकान के लिए रिकवरी नोटिस जारी हो चुके हैं। वहीं अब शामली शहर में भी ऐसे ही नोटिस जारी हुए। पीड़ितों ने विभागीय कर्मचारियों पर सुविधा शुल्क नहीं देने पर अपात्र दर्शाकर नोटिस भेजने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से गुहार लगाई है।
शामली शहर के मोहल्ला रामसागर निवासी दर्जनों लोगों ने कलक्ट्रेट में डूडा विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि करीब तीन वर्ष पूर्व उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत फार्म भरा था। जहां डूडा विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों ने पात्रता की जांच कर उनको पात्र पाया था।
जिसके बाद डूडा विभाग से उनको आवास बनाने के लिए दो किश्त जारी की गई। आरोप है कि अब डूडा विभाग जांच करते हुए उनको अपात्र बताते हुए नोटिस भेज दिया है। जिसमें जारी किश्त को अविलंब वापस कराए जाने की बात की जा गई है। पीड़ितों ने कर्मचारियों पर सुविधा शुल्क नहीं देने पर उन्हें अपात्र घोषित करने का भी आरोप लगाया।
उनका कहना है कि वह गरीब लोग है जो रुपये वापस लौटाने में सक्षम नहीं है। इस अवसर पर रामेश्वर, इरफान, सुभाष, सोहनबीर, सोनू, रामवती, मेंहदी हसन, कृष्णपाल, रामवती, विकास, नाजिम, देवेन्द्र, रमेश, दुलारी, बेबी, रेशमा, सोनिया, रामवती आदि मौजूद रहे।
वहीं नोटिस में बताया गया है कि तहसील स्तर पर जांच करने पर सरकारी भूमि पर आवास बनाए गए हैं। जिस कारण उक्त लोग अपात्र पाए गए है। जिसके कारण उन्हें रिकवरी नोटिस भेजा गया है।

