- जनप्रतिनिधियों व लोगों ने किया अन्नू रानी का स्वागत
- अन्नू रानी ने युवाओं को भी दिया संघर्ष का संदेश
जनवाणी संवाददाता |
सरधना: एशियन गेम्स में देश को स्वर्ग पदक दिलाने के बाद शनिवार को भाला फेंक खिलाड़ी अन्नू रानी अपने घर पहुंची। इस दौरान जन प्रतिनिधियों से लेकर पूरे शहर ने मानों पलकों पर बैठाकर अन्नू का स्वागत किया। कंकरखेड़ा से लेकर अन्नू के घर तक फूलों की बारिश नहीं रुकी। पहले कंकरखेड़ा इसके बाद दबथुवा और फिर बहादरपुर में अन्नू के सम्मान में भव्य कार्यक्रम हुआ।

सभी जमा लोगों ने अन्नू को फूल माला पहनाकर व स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। हजारों लोगों में महिलाओं की संख्या भी कम नहीं रही। पूर्व विधायक जितेंद्र सतवाई समेत तमाम लोगों ने अन्नू का सम्मान किया। वहीं अन्नू रानी ने भी युवाओं से संघर्ष करके सुनहरा भविष्य बनाने का संदेश दिया।
शनिवार सुबह करीब दस बजे अन्नू रानी कंकरखेड़ा पहुंची। जहां विभिन्न संगठन व क्षेत्र के लोगों ने खिलाड़ी का भव्य स्वागत किया। इसके बाद यहां से दर्जनों ट्रैक्टर-ट्रॉली व गाड़ियों का काफिला दबथुवा गांव के निकला। दबथुवा में दो स्थानों पर अन्नू के स्वागत समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान मुख्य रूप से पूर्व विधायक जितेंद्र सतवाई ने स्मृति चिह्न देकर अन्नू रानी का सम्मान किया। यहां से अन्नू का काफिला बहादरपुर उनके घर के लिए रवाना हुआ।

पूरे रास्ते महिलाओं, बुजुर्ग, युवा और बच्चों ने फूल बरसाकर अन्नू का स्वागत किया। बहादरपुर में प्रवेश करते ही अन्नू ने मंदिर में भगवान का आशीर्वाद लिया। घर पहुंचते ही मां मुन्नी देवी ने आरती व तिलक करके अन्नू का गृह प्रवेश कराया। यहां आयोजित कार्यक्रम में लोगों ने अन्नू रानी को नोटों की माला पहनाने के साथ ही बुके और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया। सभी ने कहा कि अन्नू रानी पर आज पूरे देश को गर्व है।

उन्होंने दुनिया में देश का मान बढ़ाने का काम किया है। वहीं अन्नू रानी ने भी युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि कभी भी संघर्ष करने से पीछे नहीं हटना चाहिए। पूरी मेहनत और ईमानदारी के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ें तो मंजिल जरूर मिलती है। इस मौके पर पूर्व जिला पंचायत सदस्य सपना हुड्डा, प्रदीप हुड्डा, अनिल चौधरी, ओमकरण मैनेजर, बीरपाल घनघस, परमेंद्र प्रधान, सचिन पंघाल, ओमबीर, कैप्टन अरविंद आदि मौजूद रहे।
बड़ा सवाल: जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे नदारद
देश को सोने का दमगा दिलाने वाली अन्नू रानी के स्वागत में पूरा शहर उमड़ पड़ा। मगर किसी जनप्रतिनिधि व अधिकारी ने अन्नू रानी को बधाई देने की जरूरत नहीं समझी। यहां तक की अन्नू रानी के काफिले में व्यवस्था बनाने के लिए पुलिस बल भी तैनात नहीं था। जिसको लेकर ग्रामीणों में काफी नाराजगी देखने को मिली।

