नमस्कार,दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार ने कहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बयानबाजी और आक्रामक नीतियों का असर निकट भविष्य में वैश्विक और भारतीय बाजारों पर जारी रह सकता है। उनका कहना है कि भारत ने अमेरिका के आरोपों का जवाब मजबूत और संतुलित रूप में दिया है और अमेरिकी मांगों को मानने की संभावना बेहद कम है।
एक्सपर्ट्स के अनुसार, इन हालातों का अल्पकालिक असर भारत की अर्थव्यवस्था पर देखने को मिल सकता है। खासतौर पर निर्यात में संभावित गिरावट से वित्त वर्ष 2026 की जीडीपी वृद्धि दर पर मामूली असर पड़ सकता है। अनुमान है कि यह दर 6.5 प्रतिशत से घटकर लगभग 6.2 प्रतिशत रह सकती है। इसके साथ ही कॉर्पोरेट आय पर भी कुछ असर देखा जा सकता है।
बाजार का हाल
एशियाई बाजारों में मिले-जुले रुझान देखने को मिले। जापान का निक्केई 225 और शंघाई का एसएसई कम्पोजिट सूचकांक हरे निशान में कारोबार करते नजर आए, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग और दक्षिण कोरिया का कोस्पी सूचकांक गिरावट के साथ बंद हुए। मंगलवार को अमेरिकी बाजारों में भी कमजोरी देखने को मिली और वे लाल निशान पर बंद हुए।
तेल और निवेश गतिविधियां
वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड का दाम 0.64 प्रतिशत बढ़कर 68.07 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया। निवेश की बात करें तो मंगलवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 22.48 करोड़ रुपये की इक्विटी बाजार में बिकवाली की, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,840.39 करोड़ रुपये की खरीदारी की।
भारतीय शेयर बाजार में गिरावट
मंगलवार को बीएसई सेंसेक्स 308.47 अंकों की गिरावट के साथ 80,710.25 पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई निफ्टी 73.20 अंक गिरकर 24,649.55 पर बंद हुआ।

