नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। हिंदू धर्म में धनतेरस का पर्व बेहद खास और शुभ माना जाता है। हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को धनतेरस मनाया जाता है। इसे धनत्रयोदशी के नाम से भी जाना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, समुद्र मंथन के दौरान इसी दिन भगवान धन्वंतरि अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे। इसलिए धनतेरस को भगवान धन्वंतरि की जयंती के रूप में भी मनाया जाता है।
इस दिन भगवान धन्वंतरि, माता लक्ष्मी और भगवान कुबेर की पूजा-अर्चना करने का विशेष महत्व है। मान्यता है कि धनतेरस पर शुभ मुहूर्त में खरीदारी करने से घर में सुख-समृद्धि आती है और धन-वैभव में वृद्धि होती है। इस दिन लोग सोने-चांदी के आभूषण, बर्तन, गणेश-लक्ष्मी की मूर्तियां, झाड़ू, पीली कौड़ियां, कमलगट्टा और धनिया सहित कई शुभ वस्तुओं की खरीदारी करते हैं। आइए जानते हैं साल 2026 में धनतेरस कब मनाई जाएगी, पूजा का शुभ मुहूर्त क्या रहेगा ।
धनतेरस 2026 पूजा का शुभ मुहूर्त
धनतेरस पूजा मुहूर्त: शाम 6:02 बजे से 7:57 बजे तक
पूजा की अवधि: 1 घंटा 56 मिनट
अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:48 बजे से दोपहर 12:32 बजे तक
अमृत काल: रात 10:30 बजे से 12:10 बजे तक
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 5:03 बजे से 5:51 बजे तक
प्रदोष काल: शाम 5:33 बजे से रात 8:09 बजे तक
वृषभ काल: शाम 6:02 बजे से 7:57 बजे तक
धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदने का शुभ समय
धनतेरस पर सोने और चांदी की खरीदारी करना काफी शुभ माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन की गई खरीदारी से घर में बरकत बनी रहती है। साल 2026 में सोना खरीदने का शुभ समय सुबह 10:30 बजे से शुरू होकर अगले दिन 7 नवंबर को सुबह 6:37 बजे तक बताया गया है। इस मुहूर्त की कुल अवधि 20 घंटे 7 मिनट है।
धनतेरस पर शुभ चौघड़िया मुहूर्त
प्रातः मुहूर्त (चर, लाभ, अमृत): सुबह 10:30 बजे से 10:43 बजे तक
अपराह्न मुहूर्त (शुभ): दोपहर 12:05 बजे से 1:27 बजे तक
अपराह्न मुहूर्त (चर): शाम 4:11 बजे से 5:33 बजे तक
रात्रि मुहूर्त (लाभ): रात 8:49 बजे से 10:27 बजे तक
रात्रि मुहूर्त (शुभ, अमृत, चर): रात 12:05 बजे से सुबह 4:59 बजे तक (7 नवंबर)

