- पंजाब ज्वेलर्स के मालिक व डा. सरोजनी अग्रवाल के पति को पुलिस ने दी क्लीन चिट
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: समाजवादी आवास घोटाले में अदालत में राज साड़ी के मालिक आलोक रस्तोगी, अनुराग गर्ग, एडवोकेट अखिलेश चौहान को भगोड़ा घोषित कर दिया है। इनके घरों पर पुलिस ने नोटिस चस्पा कर दिए हैं। यह जानकारी दौराला थाने के एसआई सतवीर सिंह ने दी।
दरअसल, समाजवादी आवास घोटाले में 42 मुकदमें दौराला थाने में दर्ज किए गए थे, जिसमें भाजपा की एमएलसी डा. सरोजनी अग्रवाल के पति डा. ओपी अग्रवाल उनकी बेटी और पंजाब ज्वेलर्स के मालिक भी नामजद कराए गए थे। समाजवादी सरकार में इन लोगों ने दौराला लावड़ रोड पर समाजवादी आवास बनाकर जनता को देने का वादा किया था। कहा गया था कि कॉलोनी का मानचित्र मेरठ विकास प्राधिकरण से स्वीकृत है।
इस तरह से जनता को लुभाया गया था। जनता को लालच दिया गया था कि यहां तमाम सुविधा दी जाएगी, लेकिन सुविधा देना तो दूर मकान तक नहीं बने। इसके लिए जनता से एडवांस पैसा भी जमा कराया गया था, लेकिन मकान आज तक उपलब्ध नहीं हुए। इस आवासीय घोटाले के 42 मुकदमें दौराला थाने में दर्ज कराए गए थे।
पुलिस ने विवेचना के दौरान भाजपा एमएलसी डा. सरोजनी अग्रवाल के पति डा. ओपी अग्रवाल व उनकी बेटी तथा पंजाब ज्वेलर्स के मालिक को विवेचना के दौरान क्लीन चिट दे दी गई? यह भी बड़ा सवाल है। राज साड़ी के मालिक आलोक रस्तोगी, अनुराग गर्ग, एडवोकेट अखिलेश चौहान के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी गई है। अदालत ने आरोपियों के घरों पर भगोड़ा घोषित करने के नोटिस चस्पा कर दिए हैं।
बता दे, इस मामले में रवि रस्तोगी वर्तमान में जेल में बंद हैं। इस पूरे मामले में जो घोटाला हुआ है उसको दबाने के लिए पुलिस पर राजनीतिक दबाव भी रहा है। कई बड़े लोगों के नाम कैसे निकल गए? यह भी बड़ा सवाल है। हालांकि इस पूरे खेल में बड़े लोग भी शामिल थे। बड़ी पहुंच के चलते पंजाब ज्वेलर्स के मालिक सपरा का नाम कैसे निकाल दिया। कई विवादित जमीनों के मामलों में उसका नाम पहले भी उछलता रहा है। हालांकि दौराला पुलिस ने समाजवादी आवास घोटाले में उसका नाम निकाल दिया है।

