- चक्का जाम स्थगित किए जाने पर भाकियू लोकशक्ति ने एसडीएम सदर को दिया ज्ञापन
जनवाणी ब्यूरो |
बिजनौर: कृषि कानूनों के विरोध में भारतीय किसान यूनियन लोकशक्ति के बिजनौर जिलाध्यक्ष चौ. बीर सिंह सहरावत के नेतृत्व में भाकियू लोकशक्ति पदाधिकारियों ने चक्का जाम स्थगित किए जाने पर जिला मुख्यालय पहुंचकर किसानों की प्रमुख मांगो को लेकर प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम सदर को सौंपा।
जिलाध्यक्ष चौ बीर सिंह सहरावत और राष्ट्रीय महासचिव चौ पदम सिंह ने बताया कि तीनों कृषि कानूनों के विरोध में लगभग 70 दिन से किसान दिल्ली में आंदोलन कर रहे हैं लेकिन सरकार लगातार किसान विरोधी रवैया अपना रही है। जिलाध्यक्ष चौ बीर सिंह सहरावत ने बताया कि गन्ना पिराई सत्र को चालू हुए लगभग तीन महीने हो गये लेकिन अभी तक गन्ने का मूल्य भी निर्धारित नहीं किया गया है।
किसानों की प्रमुख मांगों से सम्बंधित प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम सदर विक्रमादित्य मलिक को सौंपा। ज्ञापन में किसानों की प्रमुख मांगे बताई गई है जैसे तीनों कृषि कानूनों को रद्द किया जाए, डैच न्यूनतम समर्थन मूल्य को गारंटी कानून बनाया जाए, चालू पिराई गन्ने का मूल्य 500 रूपये क्विंटल अविलंब घोषित कराया जाए और 14 दिन में भुगतान की व्यवस्था करायी जाए, किसानों का सम्पूर्ण कर्ज माफ किया जाए, किसानों को 24 घंटे मुफ्त बिजली की व्यवस्था की जाए, 60 वर्ष से उपर के मजदूर और किसानों को 10 हजार रुपये मासिक पेंशन दी जाए आदि मांगे रखी गई।
ज्ञापन देने में जिलाध्यक्ष चौ बीर सिंह सहरावत, राष्ट्रीय महासचिव चौधरी पदम सिंह, मंडल महासचिव अम्बरीष चौधरी, जिला महासचिव गौरव चौधरी, जिला महासचिव गजराज चौधरी, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय पहलवान, जिला संगठन मंत्री डालचंद सिंह, जिला सचिव नरेश कुमार, जिला सचिव जोगेंद्र सिंह आदि मौजूद रहे।

