- सिटी स्टेशन पर मालगाड़ी के एक टैंकर में लगी आग
- फायर ब्रिगेड ने मशक्कत कर आग पर काबू पाया
- टैंकर को अलग कर साइडिंग पर खड़ा किया
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: असम से मेरठ इंडियन आयल कंपनी के लिए पेट्रोल लेकर आई एक मालगाड़ी के एक टैंकर में ऊपरी ढक्कन पर आग लग गई। इससे रेलवे स्टेशन पर अफरा तफरी मच गई। यात्री स्टेशन से बाहर की ओर भागे। उक्त ट्रेन के लोको पायलेट व गार्ड ने अग्निशमन यंत्र से आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग पूरी तरह नहीं बुझ सकी। तुरंत फायरब्रिगेड को सूचित किया गया। इस बीच दूसरा इंजन लगाकर उक्त टैंकर को मालगाड़ी से अलग करके उसे मकबरा रेलवे साइडिंग पर खड़ा किया गया, जहां फायरब्रिगेड ने आग पर काबू पाया। देर रात उक्त टैंकर को परतापुर साइडिंग पर भेजा गया। समाचार लिखे जाने तक आग लगने का कारण पता नहीं चल पाया। हालांकि आरपीएफ भीषण गर्मी में आग लगने की आशंका जता रही है।
असम के जलपाईगुड़ी से इंडियन आयल कंपनी का 48 टैंकरों में करीब 35 लाख लीटर पेट्रोल लेकर एक मालगाड़ी शनिवार की दोपहर करीब सवा बारह बजे सिटी स्टेशन पहुंची। इसे यार्ड में लाइन नं. सात पर खड़ा कराया गया। उक्त मालगाड़ी हापुड़ के ट्रैक से सिटी स्टेशन पहुंची थी। उसे परतापुर साइडिंग पर जाना था। इसके लिए लाइन बदली जानी थी। दोपहर एक बजकर दस मिनट पर लोको पायलेट व गार्ड उक्त मालगाड़ी को ले जाने लगे तो गार्ड की निगाह 46 वे टैंकर पर पड़ी। इस टैंकर में करीब 72 हजार ली. पेट्रोल था। उक्त ट्रैंकर के ऊपरी ढक्कन में लगी आग पर पड़ी। उसने तुरंत स्टेशन पर सूचना दी। इससे स्टेशन पर हड़कंप मच गया। तुरंत दिल्ली कंट्रोल को सूचित किया गया।
स्टेशन अधीक्षक राजपाल सिंह, रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स के इंस्पेक्टर योगेश भाटी, राजकीय रेलवे पुलिस के थानाध्याक्ष विनोद कुमार, उपनिरीक्षक राहुल कुमार, लोको पायलेट प्रभारी यादवेन्द्र सिंह मौके पर पहुंचे। दो फुट ऊंची लपटें देख प्लेटफार्म नं. चार पांच पर ट्रेन के इंतजार में बैठे यात्रियों में भगदड़ मच गई। उन्हें देखकर अन्य यात्रियों में भी अफरा तफरी मच गई। बड़ी संख्या में यात्री स्टेशन से बाहर निकल गए। लोको पायलेट व गार्ड ने अग्निशमन यंत्र से आग पर काबू पाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। इस बीच एक अन्य इंजन के जरिए उक्त टैंकर को मालगाड़ी से अलग करके मकबरा साइडिंग पर रोहटा फाटक के पास पहुंचाया गया।
मालगाड़ी के शेष टैंकरों को परतापुर साइडिंग पर भेज दिया गया। इसके बाद यात्री स्टेशन के प्लेटफार्म नं. चार-पांच पर पहुंचे। फायरब्रिगेड की चार गाड़ियां मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। इसके बाद अधिकारियों ने राहत की सांस ली। आग बुझने के बाद लोको पायलेट प्रभारी यादवेन्द्र सिंह, आरपीएफ के इंस्पेक्टर योगेश कुमार अपने स्तर से घटना की जांच में जुट गए। लोको पायलेट प्रभारी ने उक्त मालगाड़ी के लोको पायलेट के बयान दर्ज किए। लोको पायलेट की ओर से आरपीएफ के इंस्पेक्टर को घटना की लिखित तहरीर भी दी।
समाचार लिखे जाने तक आग लगने का कारण पता नहीं चल सका। प्रत्यक्षदर्शियों को आशंका है कि किसी शरारती तत्व ने टैंकर में आग लगाई, जबकि रेलवे अधिकारी इससे इंकार कर रहे हैं। आरपीएफ के इंस्पेक्टर योगेश भाटी का कहना है कि संभवत भीषण गर्मी के चलते टैंकर में अपने आप आग लग गई। देर रात उक्त टैंकर को परतापुर साइडिंग पर भेज दिया गया।

