जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की है। इस हमले में छत्तीसगढ़ के दो प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई। राहुल गांधी ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए आतंकियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कड़ी सजा की मांग की।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर लिखा, “जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में हुए दुस्साहसी आतंकी हमले में देश के दो श्रमिकों की हत्या अत्यंत दुखद है। शोकाकुल परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। इस कायराना हमले के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो और उन्हें कड़ी से कड़ी सजा मिले। आतंकवाद के खिलाफ पूरा देश एकजुट है।”
कुलगाम में ऐसे हुआ हमला
यह आतंकी हमला शुक्रवार शाम कुलगाम जिले के केल्लम गांव में हुआ। आतंकियों ने वहां काम करने वाले छत्तीसगढ़ के दो ईंट-भट्ठा मजदूरों पर गोलीबारी कर दी, जिसमें दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को इलाज के लिए अनंतनाग स्थित सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया।
हमले में घायल दीपक ने शुक्रवार रात उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। वहीं, दूसरे घायल बोपिंदर को बेहतर इलाज के लिए श्रीनगर स्थित शेर-ए-कश्मीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एसकेआईएमएस), सौरा रेफर किया गया, जहां शनिवार सुबह उनकी भी मौत हो गई।
राजनीतिक दलों ने की घटना की निंदा
प्रवासी मजदूरों की हत्या की स्थानीय राजनीतिक और धार्मिक नेताओं ने भी कड़ी निंदा की है। नेताओं ने इसे निर्दोष नागरिकों पर किया गया कायराना हमला बताया।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी घटना पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को मुख्यमंत्री राहत कोष से 10-10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है।
प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा बढ़ाई गई
हाल के दिनों में जम्मू-कश्मीर में इस तरह के हमलों के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने प्रवासी श्रमिकों के ट्रांजिट कैंपों और अन्य ठिकानों पर निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों के अनुसार, आतंकवादी अब सुरक्षाबलों और प्रमुख लोगों के अलावा प्रवासी मजदूरों, रेहड़ी-पटरी वालों और वाहन चालकों जैसे आम नागरिकों को निशाना बना रहे हैं।
सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि आतंकियों का मकसद घाटी में भय का माहौल पैदा करना और सामान्य जनजीवन को प्रभावित करना है। सुरक्षा बल ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए लगातार अभियान चला रहे हैं।

