जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: शराबबंदी वाले बिहार में धड़ल्ले से शराब की बिक्री हो रही है। जहरीली शराब पीने से राज्य में बीते एक महीने के भीतर 40 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है।
शराब से हो रही मौतों के बाद सरकार भी एक्शन की तैयारी में है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज शराबबंदी की सख्ती पर समीक्षा बैठक कर रहे हैं।
बैठक में डीजीपी समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं। इसी महीने राज्य के तीन जिलों में जहरीली शराब पीने से 40 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई।
अकेले बेतिया में शराब पीने से 20 लोगों की मौत हो गई, जबकि गोपालगंज में 12 से ज्यादा लोगों ने दम तोड़ दिया। वहीं, समस्तीपुर और मुजफ्फरपुर में आधा दर्जन लोग शिकार हो गए।
इन चार जिलों में सबसे अधिक कार्रवाई की गई है। इन चार जिलों में ही 19 हजार लीटर से अधिक देसी-विदेशी शराब बरामद की गई है। पुलिस टीम ने 749 छापेमारी की, जिसमें 568 लोगों को गिरफ्तार किया गया।
इस दौरान 15,246 लीटर विदेशी शराब, 3435 लीटर देसी शराब, 497 लीटर महुआ चुलाई शराब और 500 लीटर स्प्रिट बरामद किया गया है। पुलिस ने 347 मामले दर्ज किए हैं।
समीक्षा बैठक से पहले बिहार पुलिस शराब व्यापारियों के खिलाफ पकड़ो मुहिम चला रही है। अभी तक 570 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा शराब की अवैध भट्ठियां तोड़ी जा रही हैं

