- उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक से शिकायत कर जांच की मांग
जनवाणी संवाददाता |
ऊन: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर इमरजेंसी सेवाओं को हटाने तथा केंद्र पर बन रहे 30 बेड के भवन में घटिया सामग्री लगाने की शिकायत उप मुख्यमंत्री से करते हुए इमरजेंसी सेवाएं बहाल किये जाने की मांग की है। साथ ही, भ्रष्टाचार की जांच करा कर कार्रवाई की मांग की है।
कस्बा ऊन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना करीब 6 वर्ष हो गए हैं, उससे पहले यहां पर पीएचसी में इमरजेंसी सेवाएं चल रही थी लेकिन स्वास्थ्य विभाग द्वारा इमरजेंसी सेवाएं बंद कर दी गई। तहसील स्तर पर शासन द्वारा सभी सुविधाएं मुहैया कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इस संबंध में अखिल भारतीय भ्रष्टाचार निवारण परिषद के राष्ट्रीय महासचिव तेजपाल सिंह गुर्जर ने लखनऊ में पहुंचकर उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक से शिकायत करते हुए आरोप लगाया कि सीएमओ संजय अग्रवाल द्वारा सीएचसी ऊन से इमरजेंसी सेवाएं हटा दी गई जिससे पूरे क्षेत्र के लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
केंद्र पर निर्माणाधीन आक्सीजन प्लांट का कार्य भी बंद करा दिया गया जबकि कोविड महामारी अभी जारी है। फिर भी, सेवाएं बंद करा दी गई। अब सीएचसी पर 30 बेड के नए भवन का निर्माण हो रहा है जिसमें घटिया सामग्री का प्रयोग किया जा रहा है। क्षेत्र में कोई प्राइवेट अस्पताल नहीं है, न ही कोई एमबीबीएस डाक्टर है लेकिन फिर भी तहसील मुख्यालय होने के बावजूद स्वास्थ्य सेवाएं पंगु बनी हैं। उन्होंने सीएचसी पर इमरजेंसी सेवाएं तत्काल बहाल करने तथा सीएचसी पर हो रहे भ्रष्टाचार की जांच कर कार्रवाई कराने की मांग की है।

