Tuesday, April 21, 2026
- Advertisement -

स्वयंसेवकों ने विचार गोष्ठी में रखे विचार

जनवाणी संवाददाता |

मुजफ्फरनगर: सोमवार को स्वामी कल्याण देव डिग्री कॉलेज बघरा में रासेयो इकाई द्वारा द्वितीय एक दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का शुभारम्भ मुख्य अतिथि महाविद्यालय प्राचार्य डा. ब्रज गोपाल शर्मा, कार्यक्रम अधिकारी डा. सतेन्द्र कुमार, डा. फरहाना राणा, डा. रश्मि तायल, डा. विनीत, विपिन, डा. प्रदीप, रोजी, वंदना, रंधीर कुमार द्वारा मां सरस्वती व स्वामी कल्याण देव जी महाराज की प्रतिमा के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

शिविर के प्रथम चरण में रासेयो के स्वयंसेवकों द्वारा विचारगोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसकी थीम नशा मुक्ति और नारी शिक्षा थी जसमे मुख्त: आयुषी, चारुल, प्राची आदि ने प्रतिभाग किया। कार्यकम अधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि ‘‘नशे की लत युवा पीढ़ी को खोखला कर रही है। एनसीसी और एनएसएस के लिए अपनी गतिविधियों में नशा मुक्ति अभियान को भी सम्मिलित करना आवश्यक है।’

प्राचार्य ने अपने संबोधन में कहा कि युवा वर्ग में देश भक्ति, संस्कार, मेहनत, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा, लक्ष्य के प्रति समर्पण और अनुशासन विकसित करने का सशक्त माध्यम है और इसका विस्तार प्रदेश की अधिक से अधिक शालाओं और महाविद्यालयों में किया गया है।

उन्होंने एनएसस के छात्रों द्वारा कोरोना काल में अपनी जान जोखिम में डालकर किए गए सेवा कार्यों की सराहना की। अंत में कार्यक्रम अधिकारी डॉ सतेन्द्र कुमार ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। शिविर को सफल बनाने में डा. फरहाना राना, डा. विनीत, सालिना, डा. रश्मि तायल, रंधीर कुमार, डा.प्रदीप, विपिन कुमार, धीरज, राजपाल सिंह, शेखर शर्मा, बालेन्द्र कुमार, नरेन्द्र कुमार, कृष्ण कुमार, प्रमोद, मंतोष आदि का सहयोग रहा।

spot_imgspot_img
[tds_leads title_text="Subscribe" input_placeholder="Email address" btn_horiz_align="content-horiz-center" pp_checkbox="yes" pp_msg="SSd2ZSUyMHJlYWQlMjBhbmQlMjBhY2NlcHQlMjB0aGUlMjAlM0NhJTIwaHJlZiUzRCUyMiUyMyUyMiUzRVByaXZhY3klMjBQb2xpY3klM0MlMkZhJTNFLg==" f_title_font_family="467" f_title_font_size="eyJhbGwiOiIyNCIsInBvcnRyYWl0IjoiMjAiLCJsYW5kc2NhcGUiOiIyMiIsInBob25lIjoiMzAifQ==" f_title_font_line_height="1" f_title_font_weight="700" msg_composer="success" display="column" gap="10" input_padd="eyJhbGwiOiIxNXB4IDEwcHgiLCJsYW5kc2NhcGUiOiIxMnB4IDhweCIsInBvcnRyYWl0IjoiMTBweCA2cHgifQ==" input_border="1" btn_text="I want in" btn_icon_size="eyJsYW5kc2NhcGUiOiIxNyIsInBvcnRyYWl0IjoiMTUifQ==" btn_icon_space="eyJwb3J0cmFpdCI6IjMifQ==" btn_radius="3" input_radius="3" f_msg_font_family="394" f_msg_font_size="eyJhbGwiOiIxMyIsInBvcnRyYWl0IjoiMTEiLCJsYW5kc2NhcGUiOiIxMiJ9" f_msg_font_weight="500" f_msg_font_line_height="1.4" f_input_font_family="394" f_input_font_size="eyJhbGwiOiIxMyIsInBvcnRyYWl0IjoiMTEiLCJsYW5kc2NhcGUiOiIxMiJ9" f_input_font_line_height="1.2" f_btn_font_family="394" f_input_font_weight="500" f_btn_font_size="eyJhbGwiOiIxMyIsImxhbmRzY2FwZSI6IjExIiwicG9ydHJhaXQiOiIxMCJ9" f_btn_font_line_height="1.2" f_btn_font_weight="700" f_pp_font_family="394" f_pp_font_size="eyJhbGwiOiIxMyIsImxhbmRzY2FwZSI6IjEyIiwicG9ydHJhaXQiOiIxMSJ9" f_pp_font_line_height="1.2" pp_check_color="#000000" pp_check_color_a="var(--metro-blue)" pp_check_color_a_h="var(--metro-blue-acc)" f_btn_font_transform="uppercase" tdc_css="eyJhbGwiOnsibWFyZ2luLWJvdHRvbSI6IjYwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9LCJsYW5kc2NhcGUiOnsibWFyZ2luLWJvdHRvbSI6IjUwIiwiZGlzcGxheSI6IiJ9LCJsYW5kc2NhcGVfbWF4X3dpZHRoIjoxMTQwLCJsYW5kc2NhcGVfbWluX3dpZHRoIjoxMDE5LCJwb3J0cmFpdCI6eyJtYXJnaW4tYm90dG9tIjoiNDAiLCJkaXNwbGF5IjoiIn0sInBvcnRyYWl0X21heF93aWR0aCI6MTAxOCwicG9ydHJhaXRfbWluX3dpZHRoIjo3NjgsInBob25lIjp7ImRpc3BsYXkiOiIifSwicGhvbmVfbWF4X3dpZHRoIjo3Njd9" msg_succ_radius="2" btn_bg="var(--metro-blue)" btn_bg_h="var(--metro-blue-acc)" title_space="eyJwb3J0cmFpdCI6IjEyIiwibGFuZHNjYXBlIjoiMTQiLCJhbGwiOiIxOCJ9" msg_space="eyJsYW5kc2NhcGUiOiIwIDAgMTJweCJ9" btn_padd="eyJsYW5kc2NhcGUiOiIxMiIsInBvcnRyYWl0IjoiMTBweCJ9" msg_padd="eyJwb3J0cmFpdCI6IjZweCAxMHB4In0=" f_pp_font_weight="500"]

Related articles

अगली पीढ़ी के एआई का खाका

कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) ने उल्लेखनीय प्रगति की है। ध्वनि...

12वीं के बाद खुलेंगे कॅरियर के द्वार

डॉ विजय गर्ग भारत में छात्र अक्सर 12वीं कक्षा पूरी...

विपक्ष से ज्यादा सत्ता पक्ष खुश क्यों है?

पहले भक्त अपने दिमाग का इस्तेमाल करते थे लेकिन...

सड़कें न बनें मौत के रास्ते

सड़कें जीवन को जोड़ने के लिए बनाई जाती हैं,...
spot_imgspot_img