बलरामपुर: पुलिस लाइन में नियुक्त समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी गण को डॉक्टर द्वारा सीपीआर का प्रशिक्षण एवं अभ्यास कराया गया। इस दौरान सभी को बताया गया कि सीपीआर (“कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन” (Cardiopulmonary resuscitation) इमरजेंसी की हालत में इस्तेमाल की जाने वाले एक मेडिकल प्रक्रिया है, जिससे कई लोगों की जान बचाई जा सकती है। इससे कार्डियक अरेस्ट और सांस न ले पाने जैसी आपातकालीन स्थिति में व्यक्ति की जान बचाई जा सकती हैं।
इस प्रक्रिया में व्यक्ति की सांस अचानक रूक जाने पर सांस वापस लाने तक या दिल की धड़कन के सामान्य हो जाने तक विशेष तरीके से सीने को दबाया जाता है, जिससे शरीर में पहले से मौजूद होने वाला खून संचारित होने लगता है एवं व्यक्ति की जान बचाई जा सकती हैं।