जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: लोकसभा में ‘Opration Sindoor’ पर हुई चर्चा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह द्वारा जवाहरलाल नेहरू का बार-बार नाम लिए जाने को लेकर कांग्रेस ने तीखा विरोध जताया है। पार्टी ने कहा कि सरकार अपनी विफलताओं से ध्यान भटकाने के लिए इतिहास को तोड़-मरोड़ कर पेश कर रही है और पूर्व प्रधानमंत्री नेहरू पर अनावश्यक हमले कर रही है।
कांग्रेस ने मोदी-शाह पर किया तीखा हमला
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने पीएम मोदी और गृह मंत्री शाह को लेकर कहा, “वे जवाहरलाल नेहरू के मामले में ऑब्सेसिव-कंपल्सिव डिसऑर्डर (OCD) से पीड़ित हैं।” उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के पास वर्तमान विफलताओं का कोई जवाब नहीं है, इसलिए वे बार-बार अतीत की बात करके जनता को गुमराह करना चाहते हैं।
“इतिहास को तोड़-मरोड़ कर पेश कर रहे हैं”
जयराम रमेश ने गृहमंत्री शाह के बयान पर तंज कसते हुए कहा कि वे खुद को भारत का दूसरा सबसे बड़ा इतिहासकार मानते हैं। उन्होंने कहा “जब बहस गंभीर मुद्दों पर होनी चाहिए, तब सरकार इतिहास के चयनात्मक हिस्सों को तोड़-मरोड़ कर पेश कर रही है। यह केवल ध्यान भटकाने की रणनीति है।”
क्या बोले थे पीएम मोदी?
प्रधानमंत्री मोदी ने मंगलवार को लोकसभा में कहा “नेहरू के नेतृत्व में कांग्रेस सरकार ने अक्साई चीन का 38,000 वर्ग किमी हिस्सा गंवा दिया था। उन्होंने पाकिस्तान के साथ सिंधु जल संधि की, जो भारत की बड़ी भूल थी।”
पीएम मोदी ने यह भी पूछा कि पाक अधिकृत कश्मीर (PoK) को अब तक क्यों नहीं वापस लिया गया। उन्होंने कहा कि भारत आज भी कांग्रेस सरकारों की पुरानी गलतियों का खामियाजा भुगत रहा है।
अमित शाह ने भी साधा नेहरू पर निशाना
गृह मंत्री अमित शाह ने भी लोकसभा में कहा “कांग्रेस की एक बड़ी भूल की वजह से पाकिस्तान बना। और POK अगर आज है, तो उसके लिए नेहरू जिम्मेदार हैं।” उन्होंने कहा कि 1948 में भारतीय सेना निर्णायक स्थिति में थी, लेकिन नेहरू ने एकतरफा युद्धविराम की घोषणा कर दी, जिसे सरदार पटेल लगातार रोकने की कोशिश कर रहे थे।
कांग्रेस का पलटवार, ‘राजनीतिक हथकंडा’
कांग्रेस ने सरकार के इन आरोपों को राजनीतिक हथकंडा करार देते हुए कहा कि जब सरकार से जनता जवाब मांगती है, तो वह इतिहास में जाकर नेहरू को दोषी ठहराती है। पार्टी का कहना है कि अब जनता भी यह समझने लगी है कि वर्तमान असफलताओं को ढकने के लिए नेहरू को निशाना बनाया जा रहा है।

