जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर में 1990 में कश्मीरी पंडित महिला सरला भट्ट की हत्या के मामले में राज्य जांच एजेंसी (SIA) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए कई स्थानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई घाटी के मध्य कश्मीर क्षेत्र में की गई, जहां जांच एजेंसी ने प्रतिबंधित जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (JKLF) से जुड़े लोगों के घरों की तलाशी ली।
रिर्पोट्स के अनुसार, SIA की टीम ने जेकेएलएफ के पूर्व प्रमुख यासिन मलिक के आवास पर भी छापा मारा। इसके अलावा पीर नूरुल हक शाह उर्फ एयर मार्शल, जो जेकेएलएफ के वरिष्ठ नेता रह चुके हैं, उनके घर की भी तलाशी ली गई।
क्या है मामला?
सरला भट्ट, जो शेर-ए-कश्मीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SKIMS), सौरा में मेडिकल छात्रा थीं, अप्रैल 1990 में रहस्यमयी तरीके से हॉस्टल से लापता हो गई थीं। बाद में उनका शव श्रीनगर शहर में मिला था, जिससे घाटी में दहशत फैल गई थी। यह घटना उस समय की है जब कश्मीरी पंडितों के खिलाफ हिंसा चरम पर थी और हजारों परिवार घाटी छोड़ने को मजबूर हो गए थे।
35 साल बाद फिर खुला केस
राज्य जांच एजेंसी ने हाल ही में इस मामले की फिर से जांच शुरू की है, और इसे आतंकवाद से जुड़े पुराने मामलों की समीक्षा के तहत उच्च प्राथमिकता दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, यह छापेमारी नए सबूतों और संभावित संलिप्त लोगों के सुराग जुटाने के मकसद से की जा रही है।
SIA ने यह भी संकेत दिया है कि जिन लोगों पर रेड की गई है, उनका प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से इस जघन्य अपराध से जुड़ाव हो सकता है।
महत्वपूर्ण संकेत
जांच एजेंसी ने अब तक की छानबीन में कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल सबूत भी जब्त किए हैं।
अधिकारियों ने इस बात से इनकार नहीं किया है कि कुछ गिरफ्तारियां भी जल्द हो सकती हैं।
यह मामला उन चुनिंदा मामलों में से एक है, जिसे सत्ता में आए नई दिल्ली के निर्देश पर फिर से खोला गया है।

