- इंचौली के नंगला मुख्तियारपुर के भट्ठे पर हुआ था डबल मर्डर
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-14 अजय पाल सिंह ने हत्या के मामले में रवि उर्फ काला पुत्र ईश्वर पाल, मंटू पुत्र भोपाल, सोहन वीर पुत्र कदम, सुरेंद्र पुत्र अमर सिंह, सुंदर पाल पुत्र बलदेवा व संजय पुत्र नरेश को हत्या का दोषी पाते हुए उम्रकैद व प्रत्येक को पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
एडीजीसी क्रिमिनल प्रेरणा वर्मा ने बताया की अभियोजन के अनुसार गत सात दिसंबर 2011 को वादी दुष्यंत ने थाना इंचौली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि मैं ग्राम भूम्मा खेड़ी थाना मीरापुर जिला मुजफ्फरनगर का रहने वाला हूं और अपने परिवार के साथ करीब दो माह से शंकर भट्ठा गांव नंगला मुख्तियार के जंगल में भट्ठे पर कार्य कर रहा हूं।
छह दिसंबर 2011 को सुबह करीब 10 बजे मेरे लड़के सुधीर को सुंदर पाल निवासी गालिबपुर थाना खतौली ने आवाज लगाकर बुलाया था। मेरे लड़के सुधीर के पीछे-पीछे उसकी पत्नी जोशी भी चली गई थी। शाम को पता चला कि मेरा बेटा सुधीर व उसकी पत्नी जोशी सुंदर पाल के साथ चले गए हैं। सुबह 7:00 बजे दोनों की लाशें दरी से ढकी हुई पाई गई। दोनों के सिर में गोली मारकर हत्या की गई थी।
पुलिस ने जांच कर आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। सरकारी वकील ने अनेक गवाह न्यायालय में पेश किए। न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-14 अजय पाल सिंह ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य व गवाहों के बयानों के आधार पर छह आरोपियों को हत्या का दोषी पाते हुए उम्रकैद व प्रत्येक को पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

