Friday, May 1, 2026
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खाकी का खेल, दुष्कर्म पीड़िता को ही भेजा जेल

  • बीफार्मा की छात्रा के साथ सहपाठी ने नशीली कोल्ड ड्रिंक पिलाकर किया था दुष्कर्म
  • छात्रा के साथ दुष्कर्म होने का पता चलने पर पति ने कर ली थी आत्महत्या
  • छात्रा का आरोप अश्लील वीडियो दिखाकर आरोपी बना रहा धर्मांतरण का दबाव

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: खाकी का खेल भी अजीबो-गरीब है। खाकी ने दुष्कर्म पीड़िता की मदद करने की बजाय उसी को दोषी बनाकर पति की हत्या में जेल भेज दिया। यही पीड़िता के साथ वारदात को हुए एक साल बीतने के बाद भी पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया। जबकि आरोपी पीड़िता को उसकी अश्लील वीडियो दिखाकर धर्मांतरण कर निकाह करने का दबाव बना रहा है। पीड़िता ने सोमवार को शिवसेना के कार्यकर्ताओं के साथ एसएसपी आॅफिस पहुंचकर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कराकर न्याय दिलाने की गुहार लगाई है।

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शिवसेना कार्यकर्ताओं के साथ एसएसपी आॅफिस पहुंची टीपीनगर थाना क्षेत्र के मुल्ताननगर की रहने वाली दलित छात्रा ने बताया कि वह शादी शुदा थी और शहर के एक कॉलेज से बीफार्मा कर रही थी। उसके साथ गांव कुराली का रहने वाला मुकर्रम अंसारी पुत्र अय्यूब अंसारी भी बीफार्मा कर रहा था। पढ़ाई के दौरान उन दोनों में अच्छी बातचीत थी। आरोप था कि पिछले वर्ष मुकर्रम ने उसे अपने गांव स्थित दोस्त के प्लाट पर नोट्स देने के लिए बुलाया था। जब वहां पहुंची तो मुकर्रम ने उसे नशीली कोल्डड्रिंक पिलाकर बेहोश कर दिया। इसके बाद मुकर्रम ने उसके साथ दुष्कर्म किया और उसकी अश्लील वीडियो भी बना ली।

वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर वह उसे ब्लेकमेल करने लगा और वह गर्भवती हो गई। इसके बाद मुकर्रम ने जबरन उसका गर्भपात करा दिया। वह विरोध करती तो उसकी वीडियो को इंटरनेट पर वायरल करने की धमकी देता था। पीड़िता ने बताया कि उसके साथ हुई इस घिनौनी हरकत के बारे में पति को पता चल गया और उसने आत्महत्या कर ली। मामला पुलिस के पास पहुंचा तो टीपीनगर पुलिस ने उल्टे उसका प्रेमप्रसंग होने का आरोप लगाकर जेल भेज दिया। जबकि वह पुलिस के सामने पूरे मामले की जांच कराने के लिए गिड़गिड़ाती रही।

डेढ़ माह जेल में रहने के बाद जब वह जमानत पर आई तो वह आरोपी मुकर्रम के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने के लिए जानी थाने पहुंची, लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद मुकर्रम ने उसकी वीडियो वायरल करने की धमकी देते हुए धर्मांतरण कर निकाह करने के लिए दबाव बनाने लगा। इस संबंध में वह दर्जनों बार जानी पुलिस से मिली, लेकिन थाना पुलिस ने आज तक उसका केस दर्ज नहीं किया। सोमवार को पीड़िता शिवसेना के पश्चिमी यूपी प्रभारी धर्मेंद्र तोमर और अन्य कार्यकर्ताओं के साथ एसएसपी आॅफिस पहुंची और प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई। इस दौरान उनके साथ अवनीश आर्य, कमल प्रजापति, सनी लोधी, आरपी सिंह, अतुल सिंघल, नरेश कुमार, रविंद्र ध्यानी, अमित भारती, योगेश कौशिक, प्रेमशंकर और दीपक धानक समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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