जनवाणी ब्यूरो |
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट से अंतरिम जमानत मिलने के बाद भी सपा नेता आजम खां गुरुवार को जेल से रिहा नहीं हो सके। उनकी रिहाई का फरमान जिला कारागार नहीं पहुंच सका। कहा जा रहा है कि आज जेल खुलते ही आजम खां की रिहाई होगी। उनकी रिहाई से पहले ही दोनों बेटे अब्दुल्ला, अदीब आजम और शिवपाल सिंह यादव सीतापुर जेल के बाहर पहुंच चुके हैं।
अब्दुल्ला आजम बोले हमें न्याय मिला
अब्दुल्ला आजम ने सीतापुर पहुंचकर पत्रकारों से बात कर कहा, सुप्रीम कोर्ट ने हमें न्याय दिया। वह अपने भाई अदीब आजम के साथ सीतापुर पिता आजम खां को लेने पहुंचे हैं।
कड़ी है जेल की सुरक्षा व्यवस्था
रामपुर में कोतवाली थाने से जुड़े मामले में सपा नेता आजम खान की रिहाई से पहले सीतापुर जिला जेल के बाहर पुलिस ने कड़ी कर दी है चौकसी। सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर आजम के बेटे अदीब ने कहा कि मैं शीर्ष अदालत के फैसले से बहुत खुश हूं। रिहाई के बाद हम सीधे रामपुर जाएंगे। खबर है कि आजम की रिहाई के मद्देनजर सपा विधायक आशु मलिक सीतापुर जेल पहुंच गए हैं।
28 महीने से जेल में हैं आजम खां
सपा नेता आजम खां करीब 28 महीने से जिला कारागार में बंद हैं। उनके साथ उनकी पत्नी तंजीम फातिमा और बेटा अब्दुला आजम भी कारागार में निरुद्ध थे। पत्नी और बेटे को पहले ही जमानत पर रिहा किया जा चुका है। आजम खां पर 85 से अधिक केस दर्ज हैं। एक मामले में उनको जमानत मिलना बाकी थी।
गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट ने उनको अंतरिम जमानत दे दी। रामपुर कोर्ट में सुप्रीम कोर्ट के आदेश की सॉफ्ट कॉपी भी दाखिल कर दी गई थी, लेकिन प्रमाणित कॉपी समय से दाखिल नहीं की जा सकी थी।
सीतापुर जेल अधीक्षक एसके सिंह ने बताया कि दो मामलों में उनकी रिहाई के आदेश आने बाकी हैं, जो कि गुरुवार को छह बजे तक कारागार नहीं पहुंच सके थे। उनके मुताबिक रिहाई के कागजात आने के बाद ही आगे की कार्यवाही होगी।
अब्दुल्ला आजम, डॉ. तजीन के खिलाफ वारंट सशर्त वापस
अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में कोर्ट में तारीख पर उपस्थित नहीं होने पर विधायक अब्दुल्ला आजम और उनकी मां एवं पूर्व विधायक डॉ. तजीन फात्मा के खिलाफ जारी किए गए गैर जमानती वारंट बृहस्पतिवार को कोर्ट ने सशर्त वापस ले लिए।
कोर्ट ने एक-एक लाख रुपये के निजी मुचलके के साथ ही अब्दुल्ला आजम को हर तारीख पर कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया है जबकि उनकी मां डॉ. तजीन फात्मा को सेहत संबंधी समस्या को देखते हुए आवश्यकता पर ही कोर्ट के बुलाने पर उपस्थित होने की छूट दे दी गई है। उनकी हाजिरी जरिए अधिवक्ता स्वीकार की जाएगी।
सपा नेता आजम खां के बेटे एवं स्वार विधानसभा सीट से विधायक अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में अब्दुल्ला आजम के साथ ही उनकी मां एवं पूर्व विधायक डॉ. तजीन फात्मा और पिता आजम खां भी आरोपी हैं।
हालांकि इस मामले में तीनों की जमानत मंजूर हो चुकी है। इस मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए कोर्ट (मजिस्ट्रेट ट्रायल) में चल रही है, जिसमें बुधवार 11 मई को सुनवाई के दौरान अब्दुल्ला आजम और उनकी डॉ. तजीन फात्मा कोर्ट में पेश नहीं हुए थे और अपने अधिवक्ता के माध्यम से हाजिरी माफी व स्थगन प्रार्थना पत्र दाखिल किया था, जिसे कोर्ट ने खारिज करते हुए दोनों के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिए थे।
इसके बाद बृहस्पतिवार को विधायक अब्दुल्ला आजम और उनकी मां एवं पूर्व विधायक डॉ. तजीन फात्मा कोर्ट में पेश हुए और वारंट रिकॉल (वापस करने) के लिए अपने अधिवक्ता के माध्यम से प्रार्थना पत्र दाखिल किया। जिस पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने दोनों के वारंट सशर्त वापस ले लिए। इस मामले में अगली सुनवाई सोमवार 16 मई को होनी है।

