Thursday, March 19, 2026
- Advertisement -

बड़कली हत्याकांड 16 दोषी, उम्रकैद की सजा

  • 11 साल बाद आया फैसला, 60-60 हजार रूपये का अर्थदंड भी लगाया
  • मीनू त्यागी को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से दी गयी सजा की जानकारी
  • 11 साल पहले सड़क हादसा दिखाकर 3 बच्चों समेत 8 लोगों की हुई थी हत्या
  • विक्की त्यागी समेत तीन आरोपियों की पहले ही हो चुकी है मौत

जनवाणी संवाददाता |

मुजफ्फरनगर: जनपद के चर्चित बड़कली मोड़ हत्याकांड में कोर्ट ने 11 वर्ष बाद अपने निर्णय सुनाया है। कोर्ट ने इस मामले में 16 लोगों को दोषी ठहराते हुए उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई है। 16 में एक मीनू त्यागी पहले से ही अम्बेडकरनगर जेल में बंद है, जिसे वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से सजा की जानकारी दी गयी।

बता दें कि 11 साल पहले सड़क हादसा दिखाकर गन्ना समिति के पूर्व चेयरमैन उदयवीर सिंह और उनके परिवार के 3 बच्चों सहित 8 लोगों की हत्या कर दी गई थी। 11 जुलाई 2011 को उदयवीर सिंह परिवार के सदस्यों सहित पिजेरो कार में सवार होकर अपने गांव बधाई खुर्द से मुजफ्फरनगर की ओर आ रहे थे। इस दौरान शहर कोतवाली क्षेत्र के बड़कली मोड़ पर सुबह 10.30 बजे विपरीत दिशा से आए ट्रक ने उनकी कार में सीधी टक्कर मार दी थी।

इस मामले में उस समय जेल में निरुद्ध विक्की त्यागी तथा उसकी पत्नी सहित 15 आरोपियों के विरुद्ध नामजद मुकदमा ब्रजवीर पुत्र श्यामवीर निवासी बधाई खुर्द की तहरीर पर दर्ज हुआ था। जबकि 5 आरोपियों के नाम विवेचना के दौरान प्रकाश में आए थे। सुनवाई के दौरान जिनमें से विक्की त्यागी व 2 अन्य आरोपियों की मौत हो चुकी है, जबकि एक आरोपित के जुवेनाईल होने के कारण उसकी फाईल पहले ही अलग कर दी गई थी। इस मुकदमे में मुख्य आरोपित मीनू त्यागी 19 अगस्त 2011 से जेल में निरुद्ध है।

पुलिस जांच में सामने आया था कि मामला सड़क दुर्घटना का नहीं बल्कि साजिशन हत्या का है। दुर्घटना दर्शाते हुए किये गए हत्याकांड में परिवार के मुखिया तथा गन्ना समिति रोहाना के पूर्व चेयरमैन उदयवीर सिंह उनके दो बेटों समरवीर व श्यामवीर तथा भतीजा गौरव वीर पुत्र ब्रजवीर, कल्पना पत्नी गौरव वीर, दक्ष (06) पुत्र समरवीर, प्रणव (04) पुत्र गौरव वीर, वंश (02) पुत्र गौरव वीर की मृत्यु हो गई थी।

हत्याकांड के बाद ब्रजवीर की तहरीर पर पुलिस ने उस समय जेल में निरुद्ध रहे कुख्यात विक्की त्यागी को मुख्य साजिशकर्ता दशार्ते हुए उसकी पत्नी मीनू त्यागी एवं ममता पत्नी धर्म, अनिल पुत्र सुरेश निवासिगण बधाई खुर्द, शुभम एवं आकाश पुत्रगण सतेन्द्र, लोकेश पुत्र रणधीर, मनोज पुत्र महिपाल, मोहित पुत्र उपेन्द्र तथा उपेन्द्र पुत्र भेपाल, विनोद पुत्र धर्मपाल, विदित पुत्र रविन्द्र, हरबीर पुत्र चैहल, प्रमोद पुत्र रणबीर एवं धर्मन्द्र पुत्र भेपाल को नामजद किया था, जबकि पुलिस जांच के दौरान हत्याकांड में विनीत उर्फ बाबी पुत्र मांगेराम, बाबी शर्मा पुत्र विनीत, बबलू शुक्ला उर्फ अजय एवं सुशील शुक्ला पुत्र आत्माराम निवासी बहेड़ी के नाम प्रकाश में आए थे। इन आरोपियों में सुशील शुक्ला की करीब 7 माह पूर्व मौत हो चुकी है, जबकि उपेन्द्र भी अब इस दुनिया में नहीं है। आरोपित विक्की त्यागी की भी 16 फरवरी 2015 को कोर्ट रूम में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

बड़कली मोड़ सामूहिक हत्याकांड के मामले में मीनू त्यागी, ममता, अनिल, शुभम, लोकेश, प्रमोद, मनोज, मोहित, धर्मेंद्र, रविंद्र, विनोद, विदित, बबलू, बोबी उर्फ विनीत शर्मा, बॉबी उर्फ विनीत त्यागी एवं हरवीर के खिलाफ कोर्ट में केस विचाराधीन रहा। सभी आरोपितों को कोर्ट ने दोषी ठहराया। सभी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई। सभी पर 60-60 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया।

spot_imgspot_img

Subscribe

Related articles

अब घबराने का समय आ गया है

हमारे देश में जनता के घबराने का असली कारण...

विनाश के बीच लुप्त होतीं संवेदनाएं

जब विज्ञान, तकनीक और वैश्वीकरण के सहारे मानव सभ्यता...

ऊर्जा संकट से इकोनॉमी पर दबाव

वैश्विक अर्थव्यवस्था में जब भी ऊर्जा संकट गहराता है,...

Navratri Fasting Rules: नौ दिन के व्रत में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं, सेहत हो सकती है खराब

नमस्कार, दैनिक जनवाणी डॉटकॉम वेबसाइट पर आपका हार्दिक स्वागत...

Saharanpur News: राजीव उपाध्याय ‘यायावर’ को सर्वश्रेष्ठ शोध प्रस्तुति सम्मान

जनवाणी संवाददाता | सहारनपुर: चमनलाल महाविद्यालय में आयोजित 7वें उत्तराखण्ड...
spot_imgspot_img