- कैसे रुकेगा अपराध? घटना के बाद पुलिस खंगालती है फुटेज
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: सिटी स्टेशन पर यात्रियों की सुविधाओं के लिये सरकार अन्य प्रयास कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर देखा जाए तो कुछ और ही नजर आता है। स्टेशन पर एक दर्जनों से अधिक सीसीटीवी केमरे लगे हैं, लेकिन वहां सीसीटीवी कैमरा कंट्रोल रूम पर ताला लगा रहता है। कर्मचारियों के अनुसार घटना के बाद फुटेज चेक करने के लिए ताला खोला जाता है। इस तरह की लापरवाई से बढ़ रहे अपराध में इजाफा होता है।
सिटी स्टेशन पर प्रतिदिन हजारों की संख्या में यात्रियों का आवागमन होता है। जिनकी सुरक्षा वहां लगे सीसीटीवी कैमरे से की जाती है, लेकिन जमीनी स्तर की बात की जाये तो सीसीटीवी कंट्रोल रूम पर ताला लगा होता है। जिस कारण चोरी की घटना सहित अन्य अपराध बढ़ रहे हैं। गत 20 अगस्त को एसएसपी अपर्णा गुप्ता ने सिटी स्टेशन का निरीक्षण किया था। उन्होंने सीसीटीवी कैमरे चेक किया थे।
जिसमें 13 कैमरे लगे हैं, लेकिन सात कैमरे चालू और छह बंद थे। उन्होंने निर्देश दिये थे कि जल्द ही कैमरों की रिपेयरिंग कर लगाया जाये। ताकि बढ़ रहे अपराध को रोका जा सके। वहां कर्मचारियों ने बताया कि कंट्रोल रूम कभी-कभी ही खुलता है। यदि रूम प्रतिदिन खुले और वहां किसी कर्मचारी की नियमित रूप से ड्यूटी लगाई जाए तो स्टेशन पर चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाई जा सकती है। वहीं, इस संबंध में स्टेशन मास्टर आरपी सिंह ने बताया कि स्टेशन पर यात्रियों की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाये गये हैं।

जिसकी निगरानी कंट्रोल रूम से की जाती है। यदि किसी यात्री का सामान गुम हो जाता है या फिर चोरी हो जाता है। जिसको जीआरपी पुलिस सीसीटीवी फुटेज की मदद से चोर को पकड़ लेती है। आरपीएफ थाने के एसएसआई अनिल कुमार ने बताया कि स्टाफ की कमी के कारण कभी-कभी कंट्रोल रूम में किसी की ड्यूटी नहीं लग पाती है। जिस कारण कंट्रोल रूम पर ताला लगा रहता है, लेकिन वह किसी महिला पुलिस कर्मी की डयूटी लगा देते हैं। जैसे समय मिलता है वो फुटेज चेक कर लेते हैं। यदि किसी घटना की सूचना मिलती है तो तत्काल फुटेज की मदद से देखा जाता है।

