- यात्रियों को उठानी पड़ी भारी परेशानी
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: पंजाब के किसानों के समर्थन के साथ-साथ एमएसपी की मांग को लेकर सोमवार को किसानों ने हाइवे पर जाम लगाकर पुराने दिनों की भारतीय किसान यूनियन के दिनों को दोहराने में कोई कसर नहीं रख छोड़ी। इस दौरान नेशनल हाइवे-58 पर ट्रैक्टरों की शृंखला बनाकर यह संदेश दिया कि किसान जब चाहेंगे, दिल्ली के लिए कूच कर देंगे। इसके साथ ही किसानों ने उन वाहन चालकों को फल भी वितरित किए, जो जाम के कारण परेशानी का सामना करने पर विवश हो गए थे।

कंकरखेड़ा प्रतिनिधि के अनुसार एनएच-58 पर सोमवार सुबह भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने एमएसपी की मांग और पंजाब के किसानों के समर्थन को लेकर जाम लगा दिया। इस दौरान किसानों ने ट्रैक्टर लगाकर हाइवे को बंद कर दिया। भारतीय किसान यूनियन ने राष्ट्रीय आह्वान पर नेशनल हाइवे पर बनाई ट्रैक्टर शृंखला इस दौरान जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी के निर्देश पर कार्यकर्ताओं ने चार जगह प्वाइंट बनाकर ट्रैक्टरों की शृंखला बनाई।
जिसमें जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी के नेतृत्व में कंकरखेड़ा में कैलाशी अस्पताल के सामने सैकड़ों ट्रैक्टरों पर किसानों और कार्यकर्ताओं के साथ दिल्ली जाने वाले बायीं ओर लाइन पर कब्जा कर लिया जिस कारण हाइवे पर जाम लग गया। किसानों द्वारा हाइवे पर कब्जे के दौरान भीषण जाम की स्थिति बन गई। जाम के दौरान जिलाध्यक्ष व सीओ दौराला के बीच नोकझोंक भी हुई। इसके अलावा जाटौली कट पर भाकियू के जिला प्रवक्ता बबलू जिटौली और पार्षद पति सुभाष जिटौली के नेतृत्व में ट्रैक्टर ट्राली से हाइवे की एक साइड बंद कर जाम लगा दिया।

संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर सोमवार को भारतीय किसान यूनियन के सैंकड़ों पदाधिकरियों के साथ प्रदेश भर में हाइवे जाम किया। इसी दौरान भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने कंकरखेड़ा में एलआईसी ग्राउंड के सामने हाइवे एक तरफ से पूरी तरह जाम कर दिया। उनका कहना था कि किसानों को उनकी फसल का मूल्य नहीं मिल पा रहा है। केंद्र सरकार किसान पर निशाना साध रही है।
दूसरी ओर भाकियू के जिला प्रवक्ता बबलू जिटौली और पार्षद पति सुभाष जिटौली ने कार्यकतार्ओं के साथ जिटौली कट पर हाइवे पर जाम लगा दिया। भाकियू नेता ने कहा कि अगर केंद्र सरकार ने किसानों की मांगों को पूरा नहीं किया तो दिल्ली दूर नहीं है। किसानों द्वारा हाइवे पर लगाए गए जाम के दौरान भीषण जाम की स्थिति बन गई। हाइवे पर लगभग दोनों तरफ कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। जाम में फंसे राहगीरों का गर्मी में बुरा हाल हो गया।

यात्रियों ने अपने वहां से कॉलोनी के रास्ते से भी निकलने का प्रयास किया लेकिन उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। जाम को लेकर जिलाध्यक्ष की सीओ दौराला से नोकझोंक तक हो गई। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने किसी तरह समझकर किसानों को शांत किया। सीओ दौराला ने जिलाध्यक्ष से जाम खोलने के लिए कहा। लेकिन जिलाध्यक्ष ने जाम खोलने से इनकार कर दिया।
बार-बार आगे के बाद किसानों ने एक तरफ का रास्ता भी आधा खोल दिया, लेकिन किसान बार-बार उग्र होकर एक तरफ का रास्ता पूरी तरह बंद कर देते रहे। करीब पौने तीन बजे के आसपास किसानों ने डब्ल्यूटीओ के पुतले को आग के हवाले कर दिया। इसके बाद जाम खोला गया। इस दौरान जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी, सत्यवीर सिंह, बबलू, हर्ष, मदनपाल, देशपाल, सत्येंद्र, मोनू, अंकित, प्रतीक, बिट्टू, नीरज, मेजर चिंदौड़ी, भोपाल, शुभम, डीके, ईश्वर, मुनेश, महकार, प्रशांत,जवाहर, प्रिंस, अनुज, सचिन, हरेंद्र, रविंद्र, आदि मौजूद रहे। जाटौली में मुनेश तपेश्वर, निरंकार, डा. किरणपाल, बीसी चौधरी, गजेंद्र सिंह, राजकुमार करनावल, मोनू चौधरी, सुभाष मास्टर, जवाहर सिंह, मनोज जाटोली, सुधीर, अरविंद, टिंटू, भोपाल सिंह, सरबचन आदि उपस्थित रहे।

