- हर तीन में एक महिला, पांच में एक पुरुष हो रहा आॅस्टियोपोरोसिस का शिकार
जनवाणी संवाददाता |
मेरठ: अगर आप 50 की उम्र में आ गए हैं या अधिक उम्र के हैं तो इस गलतफहमी में न रहें कि आपकी हड्डियां मजबूत हैं और आप दौड़ सकते हैं। ऐसे में संभल कर चलने की जरूरत है, गिरते ही आपकी हड्डियां टूट सकती हैं। इसकी वजह है आॅस्टियोपोरोसिस की बीमारी, जो तेजी से बढ़ रही है। हर तीन में से एक महिला और पांच में एक पुरुष आॅस्टियोपोरोसिस का शिकार हो रहा है।
बदलता हुआ खानपान और बदलती हुई जीवन शैली लोगों की हड्डियों को खोखला करता जा रहा है। हड्डियां तो सही महसूस होती हैं, पर उनकी जान खत्म हो रही है। अधिकांश लोग हड्डियों की मजबूती को लेकर गंभीर नहीं हैं। वे समझते हैं कि वे वजन उठा लेते हैं, सही चल फिर रहे हैं। उन्हें यह पता ही नहीं होता कि उनकी हड्डियां खोखली हो रही हैं। दुनियाभर में 50 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों में आॅस्टियोपोरोसिस यानी हड्डियों का घनत्व कम की बीमारी तेजी से पनप रही है।
इंटरनेशन रिपोर्ट्स के अनुसार दुनिया में हर तीन में से एक महिला और हर पांच पुरुषों में एक पुरुष हो आॅस्टियोपोरोसिस से पीड़ित पाया जा रहा है। इसी वजह से 50 से अधिक उम्र के लोगों की हल्का सा गिरने पर, या किसी चीज से टकराने पर हड्डियां टूट जाती हैं। खासतौर पर फर्श पर पैर फिसलकर गिरने से कूल्हे की हड्डी व कलाई की हड्टी टूट जाती है। यह आॅस्टियोपोरोसिस की बीमारी है।
यह बीमारी रीढ़ की हड्डी, कूल्हे और कलाई की हड्डी को अंदर ही अंदर इस तरह खोखला कर देती है, जैसे प्लास्टर उतरने के बाद दीवारों के अंदर से निर्माण सामग्री धीरे-धीरे निकल जाती है और भवन जर्जर हो जाता है। वरिष्ठ चिकित्सकों की सलाह है कि लोग 50 की उम्र के बाद बोन मिनरल डेंसिटी टेस्ट हर वर्ष जरूर कराएं और अपने खानपान व जीवन शैली में सुधार लाएं।
आईएमए में आज होगी हड्डियों की नि:शुल्क जांच
आईएमए के सचिव डा. सुमित उपाध्याय ने बताया कि वर्ल्ड आॅस्टियोपोरोसिस डे पर आईएमए द्वारा आईएमए हॉल निकट बच्चा पार्क पर सुबह साढ़े सात बजे से साढ़े आठ बजे तक विशेष योग शिविर आयोजित किया जाएगा। जिसमें हड्डियों को मजबूत रखने के लिए योगासन सिखाए जाएंगे। सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे हड्डी रोग परामर्श शिविर लगाया जाएगा, जिसमें हड्डी रोग विशेषज्ञ डा. अरुणिम स्वरूप और डा. रिधिवर्धन मरीजों का परीक्षण करेंगे। शिविर में मरीजों की हड्डियों के घनत्व की जांच नि:शुल्क की जाएगी।
गुर्दे की बीमारी से भी बढ़ रहा आॅस्टियोपोरोसिस: डा. रवि भगत
वरिष्ठ हड्डी रोग विशेषज्ञ डा. रवि भगत का कहना है कि आॅस्टियोपोरोसिस बदलती जीवन शैली, और बदलते खानपान के साथ-साथ गुर्दे की बीमारी से बढ़ रहा है। 50 की उम्र के बाद सावधानी से चलें, रात को या सुबह उठकर दो तीन मिनट बैड पर बैठकर सामान्य होने के बाद बिस्तर से उतरकर चलें। फर्श पर पानी गिरने पर तुरंत वहां सफाई कराएं। रोजाना व्यायाम करें, बादाम, प्रोटीन और कैलशियम युक्त खाद्य वस्तुओं का सेवन करें। वर्ष में एक बार बीएमडी टेस्ट कराएं।
हड्डियों का होने लगता है घनत्व कम: डा. कृतेश मिश्रा
मेडिकल कालेज के आचार्य डा. कृतेश मिश्रा का कहना है कि 50 वर्ष की उम्र के बाद मनुष्य की हड्डियों का घनत्व कम होने लगता है। रोजाना सुबह सात से आठ बजे के बीच की धूप लें। 20 मिनट पैदल चलें, साइकिलिंग करें या अन्य व्यायाम करें। जंक फूड से बचें, अंडे, हरी साग सब्जियां, केला, पनीर, बादाम और दूध का सेवन करें। धुम्रपान, शराब का सेवन न करें। कैल्शियम की गोलियां या सप्लीमेंट लें।

