- एक दिन पहले मिली थी लावारिस बाइक, शव की नहीं हो सकी शिनाख्त
जनवाणी संवाददाता |
सरधना: बुधवार की शाम सरधना के नानू गांव स्थित तालाब में एक व्यक्ति का शव मिलने से सनसनी फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव की शिनाख्त कराने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। एक दिन पहले ही तालाब के पास लावारिस बाइक मिली थी। व्यक्ति की हत्या कर शव यहां फेंकने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
कोतवाली क्षेत्र के नानू गांव में मेरठ-करनाल हाइवे किनारे तालाब है। बुधवार की शाम कुछ ग्रामीण तालाब के निकट से गुजरे तो एक व्यक्ति का शव पड़ा देखा। शव देखने के लिए ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से शव का बाहर निकलवाया। मृतक के नाक व मुंह से खून निकल रहा था। पुलिस ने आसपास के लोगों को बुलाकर शव की शिनाख्त कराने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। इसके बाद पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर मोर्चरी भेज दिया। एक दिन पहले ही यहां पुलिस को लावारिस हालत में एक बाइक मिली थी।
उसके मालिक का भी अभी तक कुछ पता नहीं चल सका है। माना जा रहा है कि हत्या करके शव यहां फेंका गया होगा। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। इंस्पेक्टर प्रताप सिंह ने बताया कि तालाब मिले शव की शिनाख्त नहीं हो सकी है। प्रथम दृष्ट जांच में हादसा प्रतीत हो रहा है। बाइक और मृतक का भी कोई लिंक अभी तक नहीं जुड़ा है। आसपास के क्षेत्र में फोटो भेजकर शिनाख्त कराने की कोशिश की जा रही है। बाइक के नंबर के आधार पर जांच की तो वह सरधना लश्कर गंज निवासी एक व्यक्ति के नाम है। मगर उस नाम का व्यक्ति संबंधित पते पर नहीं रहता है। कई बिंदुओं पर जांच की जा रही है।
मंगलपांडे नगर में छात्र पर जानलेवा हमला
मेरठ: मेडिकल थाना के मंगल पांडेनगर स्थित एक लाइब्रेरी में युवक पर जानलेवा हमला कर दिया। उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। इस घटना के पीछे किसी टीचर का हाथ बताया जा रहा है। हमले की वजह लाइब्रेरी में तेज बोलने पर टोकना बताया जा रहा है। आरोपियों के खिलाफ घायल युवक की मां ने तहरीर दी है। मेडिकल थाना क्षेत्रांतर्गत एक लाइब्रेरी में बुधवार सुबह पढ़ाई करने पहुंचे छात्र पर जानलेवा हमला किया गया। हमले में छात्र गंभीर रूप से घायल हुआ है।
छात्र की मां की ओर से थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। रामगढ़ी यूनिवर्सिटी रोड निवासी आदित्य सिंह मंगलपांडेय नगर स्थित कोचिंग सेंटर से नीट की तैयारी कर रहे हैं। वह कभी कभी इसी क्षेत्र की एक प्राइवेट लाइब्रेरी में भी पढ़ने के लिए चले जाते हैं। बुधवार सुबह भी आदित्य सिंह लाइब्रेरी में पढ़ने पहुंचे। जैसे ही अंदर पहुंचे, पहले से मौजूद तीन से चार युवकों ने अपशब्द बोलते हुए उन पर हमला कर दिया। एक युवक ने वहां रखी लोहे की बोतल उठाकर आदित्य के सिर पर दे मारी, जिससे आदित्य लहूलुहान हो गया। किसी तरह आदित्य वहां से बाहर निकला और शोर मचा दिया।
भीड़ को जुटता देख हमलावर भाग खड़े हुए। सूचना पाकर परिजन लाइब्रेरी आ गये और लहूलुहान आदित्य को लेकर मेडिकल पहुंचे। पुलिस ने आदित्य को डाक्टरी के लिए भिजवा दिया। बाद में आदित्य की मां सरोज ने थाने में हमलावरों के खिलाफ तहरीर दे दी। उन्होंने अंकुर सिसोदिया, विनय कुमार, नीरज कश्यप को नामजद किया। साथ ही यह भी आरोप लगाया कि उनके बेटे पर लाइब्रेरी संचालक अंकित ने हमला कराया है। इंस्पेक्टर शीलेश सिंह का कहना है कि पुलिस को सीसीटीवी कैमरे की फुटेज मिली है, जिसमें मारपीट की घटना स्पष्ट दिखाई दे रही है। पुलिस कार्रवाई की बात कह रही है।
डेंगू का डंक, 76 पहुंचा मरीजों का आंकड़ा
मेरठ: जिले में डेंगू के केस बढ़ने लगे हैं। हर दो तीन दिन में डेंगू के मरीज मिल रहे हैं। अब पांच मरीज मिल हैं। इनमें साबुन गोदाम क्षेत्र के किशनपुरा निवासी एक और गोलाबढ़ रोहटा रोड निवासी एक मरीज है। भूड़बराल की ओम सार्इं कालोनी निवासी एक, माछरा के अलीपुर गांव निवासी एक मरीज और जानी के पांचली गांव निवासी एक मरीज शामिल है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के हिसाब से महानहर में अब तक 61 तथा ग्रामीण क्षेत्र में 15 डेंगू के मरीज मिले हैं।
यानी पूरे जिले में अब तक 76 लोगों को डेंगू अपना शिकार बना चुका है। इनमें साबुन गोदाम क्षेत्र में आठ, कुंडा गांव में सात, जानी में पांच, तहसील क्षेत्र में चार, रजबन में चार, नंगला बट्टू में चार, पल्हैड़ा में चार मरीज डेंगू के मिले। हालांकि सूत्रों का कहना है कि कुछ मरीज ऐसे भी हैं, जिन्होंने प्राइवेट चिकित्सकों से उपचार कराया और प्राइवेट चिकित्सकों या पैथोलॉजी लैब ने डेंगू के मरीज की सूचना स्वास्थ्य विभाग को नहीं दी।
जिले डेंगू के मरीजों के बढ़ने के साथ स्वास्थ्य विभाग और जिला मलेरिया विभाग का कार्य भी बढ़ गया है। जहां डेंगू के मरीज मिल रहे हैं, वहां जिला मलेरिया विभाग की टीमें पहुंचकर डेंगू के अन्य मरीजों का पता लगाने के लिए सर्वे कर रही हैं और उक्त क्षेत्रों में एंटी लार्वा का स्प्रे तथा मच्छर मार दवाइयों की फॉगिंग करा रही हैं। जहां पांच डेंगू के मरीज मिले, वहां मलेरिया विभाग की टीम ने पहुंचकर एंटी लार्वा का स्प्रे किया और फॉगिंग की।

