- वन विभाग लगातार कर रहा निगरानी, सभी प्रवासी पक्षी सुरक्षित
जनवाणी संवाददाता |
हस्तिनापुर: कोरोना महामारी के बीच राजस्थान, पंजाब और हिमाचल प्रदेश के साथ ही केरल बर्ड फ्लू की चपेट में आ गया है। कुछ दिनों में ही सैकड़ों पक्षियों की मौत हो गई है। यह सिलसिला बदस्तूर जारी है।
प्रदेश सरकार के साथ वन अरक्षित क्षेत्र में भी अलर्ट जारी किया गया है। बिहार, झारखंड व उत्तराखंड में राज्य सरकारों ने सतर्कता बरतते हुए अलर्ट जारी किया है।
सेंचुरी में मौजूद हजारों प्रवासी पक्षियों पर बर्ड फ्लू का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। वन विभाग के अधिकारी लगातार गश्त कर रहे हैं और वेटलैंड में अभी तक कोई भी बीमार या संदिग्ध अवस्था में कोई भी प्रवासी आए प्रवासी पक्षी नहीं मिला है।
देश प्रदेश में पक्षियों में लगातार बर्ड फ्लू के मामले सामने आने से हड़कंप मचा हुआ है सर्दीयों के मौसम में वन अभायरण अरक्षित क्षेत्र के वेटलैंडों में विदेशी सैलानियों के भरमार होने से सेंचुरी में अलर्ट के चलते विभागीय अधिकारियों की गश्त बढ़ाई गई है टीम लगातार पक्षियों की देखभाल के लिए लगाई गई है।
वेटलैंड में पक्षियों की देखभाल में टीम को कोई भी विदेशी सैलानी संदिग्ध नही मिला। वन विभाग की टीम के साथ पशुपालन विभाग भी पूरी तरह सतर्क है। हस्तिनापुर सेंचुरी में कहीं से भी पक्षियों के मरने का कोई मामला सामने नहीं आया है।
इसके बावजूद वन विभाग के अधिकारी अलर्ट है। यह बीमारी सिर्फ पक्षियों के लिए ही नहीं, बल्कि इंसानों के लिए भी घातक है। इस बीमारी से संक्रमित पक्षियों के संपर्क में आने वाले जानवर और इंसान आसानी से इससे संक्रमित हो जाते हैं।

पक्षियों के साथ मनुष्य भी हो सकते है प्रभावित
चिकित्सकों की माने तो बर्ड फ्लू पक्षियोें और जानवरों से साथ मनुष्य को भी तेजी से प्रभावित करता है एवियन इन्फ्लूएंजा वायरस से होने वाली इस बीमारी से पक्षी ही नहीं मनुष्य के लिए बेहद खतरनाक है।
कैसे फैलता है बर्ड फ्लू
बर्ड फ्लू एवियन इन्फ्लूएंजा वायरस की वजह से होता है। ये एक वायरल इंफेक्शन है जो संक्रमित पक्षियों के संपर्क में आने वाले अन्य पक्षियों, जानवरों और इंसानों में फैलता है। इसके बढ़ते मामलों को देखते हुए कई राज्यों में पक्षियों को मारने का अभियान शुरू किया गया है।
बर्ड फ्लू कई तरह के होते हैं। यह इंसानों को संक्रमित करता है। बर्ड फ्लू प्रवासी जलीय पक्षियों खासतौर से जंगली बतख से प्राकृतिक रूप से फैलता है। ये पालतू मुर्गियों में आसानी से फैल जाता है। ये बीमारी संक्रमित पक्षी के मल, नाक के स्राव, मुंह के लार या आंखों से निकलने वाली पानी के संपर्क में आने से होती है।
क्या है बर्ड फ्लू के लक्षण
बर्ड फ्लू होने पर कफ, डायरिया, बुखार, सांस से जुड़ी दिक्कत, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द, पेट दर्द, उल्टी, निमोनिया गले में खराश, नाक बहना, बेचैनी, आंखों में इंफेक्शन जैसी समस्या हो सकती है। अगर आपको लगता है कि आपको बर्ड फ्लू हो सकता है तो किसी और के संपर्क में आने से पहले डॉक्टर को दिखाएं।
क्या कहते है विभागिय अधिकारी
| सेंचुरी में सभी पक्षी है सुरक्षित क्षेत्रीय रेंजर नवरत्न सिंह ने बताया कि शुक्रवार को भी सेंचुरी में मौजूद वेटलैंड क्षेत्र सहित अन्य कई गांवों जंगलों में पक्षियों की मॉनिटरिंग की गई परंतु कोई भी स पक्षी बीमार अवस्था में नहीं मिला सेंचुरी में सभी प्रवासी अप्रवासी पक्षी सुरक्षित है। |

