Friday, December 1, 2023
HomeUttar Pradesh NewsMeerutवारंटी वकील को पुलिस ने कचहरी से उठाया, हंगामा

वारंटी वकील को पुलिस ने कचहरी से उठाया, हंगामा

- Advertisement -
  • वकीलो ने की पुलिस की बाइक में तोड़फोड़
  • कचहरी में घंटों रहा अराजकता का माहौल
  • जानलेवा हमले के मामले में जेल से जमानत पर आया था अधिवक्ता

जनवाणी संवाददाता |

मेरठ: कचहरी स्थित नवीन भवन में अधिवक्ता रजनीश त्यागी के चैंबर से जूनियर अधिवक्ता मेरठ कॉलेज के छात्र नेता हैविन खान निवासी ग्राम नंगलाशेखू थाना इंचौली को लालकुर्ती पुलिस कोर्ट से एनबीडब्ल्यू वारंट के मामले में थाने ले गई। जूनियर अधिवक्ता हैवीन खान ने हिरासत में लेने का विरोध किया तो थाना पुलिस और वकील में कहासुनी हो गई।

हैविन को थाने ले जा रही पुलिस से कस्टडी में अन्य वकीलों ने छुड़ाने का प्रयास किया तो वकील और पुलिस में हाथापाई हो गई। वकीलों ेने घंटो हंगामा किया और लालकुर्ती थाने के एक दारोगा की बाइक भी तोड़ दी। बाद में अधिवक्ता को थाने से छोड़ दिया गया।

वकील को हिरासत में लेने की सूचना साथी वकील और मेरठ बार के पदाधिकारियों को लगी तो महामंत्री विनोद चौधरी और अन्य वकीलों ने कचहरी के मुख्य द्वार के पास एकत्रित होकर हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंचे सीओ सिविल लाइन अरविंद चौरसिया के सामने वकील नारेबाजी कर हंगामा करने लगे। वकीलो के बढ़ते आक्रोश को देखते हुए सीओ ने मेडिकल, नौचंदी, सिविल लाइन थाना के फोर्स बुला लिया और वकीलो को समझाने का प्रयास किया।

इसके बाद भी वकील नही माने और ऐलान कर दिया कि जब तक जूनियर अधिवक्ता को थाने से नही छोड़ा जाएगा तब तक कोई भी अधिवक्ता काम पर नही लौटेगा। दरअसल हैविन खान पर थाना लालकुर्ती में स्वतंत्रता सेनानी का फर्जी प्रमाण पत्र तैयार कर एलएलएम में प्रवेश कर फर्जी डिग्री प्राप्त कराने का आरोप है। मेरठ बार से भी हैविन अपना रजिस्ट्रेशन वापस ले चुका है।

जिसकी जांच डीएम दीपक मीणा द्वारा कराई गई जांच सही पाने पर अप्रैल महीने में कोर्ट से हैविन के गैर जमानती वारंट जारी हुए थे। सोमवार दोपहर को पुलिस गिरफ्तार कर थाने ले जाने लगी जिस वक्त पुलिस हैविन खान को थाना ले जा रही थी हैविन चिल्लाने लगा मैं अधिवक्ता हूं। लेकिन पुलिस ने जीप में बैठाने में जरा भी देरी नही की ओर थाने ले गई।

08

सीओ के कचहरी से हटते ही वकीलो ने मुख्य द्वार के पास बने मेटल डिटेक्टर के पास खड़ी दरोगा शिवरुद्ध सिंह की पुलिस का निशान लगी पल्सर बाइक में ईंट से तोड़फोड़ कर दी। वकीलों द्वारा की जा रही तोडफोड़ की मेटल डिटेक्टर केबिन से वीडियो बना रहे एक राहगीर को वकीलों ने जमकर पीटा और मोबाइल तोड़ दिया। ये सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ। पुलिस देखती रही देर शाम तक भी दरोगा अपनी बाइक कचहरी से लेने नही पहुंचा।

वीडियो बना रहे राहगीर को पीट रहे वकीलो से पुलिस ने बचाने की जहमत नही उठाई। तोडफोड़ करने के बाद वकील मौके से भाग खड़े हुए। बाइक में तोडफोड़ करने वाले सभी युवा अधिवक्ता थे। कचहरी में करीब तीन घंटे अफरातफरी का माहौल बना रहा। तीन बजे करीब हैविन की ओर से एडवोकेट रजनीश त्यागी लालकुर्ती थाना पहुंचे और हैविन को अपनी सुपुर्दगी में लेकर आए।

चार दिन पूर्व ही आया था जमानत पर

नंगलाशेखू में कुछ दिन पूर्व हुए सैनी बिरादरी से कार हटाने को लेकर जानलेवा झगड़े में रविन्द्र सैनी पुत्र महेंद्र सैनी की तरफ से थाना इंचौली में सपा नेता अंशु मलिक, हैविन खान पर धारा 307 का मुकदमा दर्ज हुआ था। जिसमे चार दिन पूर्व ही हैविन जमानत पर जेल से बाहर आया है। वकीलो ने लालकुर्ती थाने के दरोगा शिवरूद सिंह की बाइक में तोडफोड की। लालकुर्ती थाने में हैविन पर मुकदमा भी दर्ज हुआ है।

एडीजी से मिलेंगे वकील

एसपी सिटी पीयूष कुमार सिंह को जब घटना की जानकारी हुई तो उन्होंने सीओ सिविल लाइन अरविन्द चौरसिया को मौके पर भेजा। एसपी सिटी ने पूछा वकील को कहां से गिरफ्तार किया गया है। सीओ ने जानकारी दी कि वकील को उसके चैंबर से उठाया गया है तो इस पर एसपी सिटी ने खेद व्यक्त किया। वकीलों की नाराजगी के बाद अधिवक्ता को थाने से छोड़ दिया गया। वहीं वकीलों का कहना है कि इस मामले को लेकर एडीजी राजीव सभरवाल से मिला जाएगा।

पुलिस को चकमा देकर भागा रोहिंग्या परिवार

मेरठ: खरखौदा थानांतर्गत अलीपुर में रहने वाला रोहिंग्या परिवार पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया है। अब पुलिस इनकी धर पकड़ करने के लिये सर्च आपरेशन चला रही है। अब तक पुलिस को फरार रोहिंग्या परिवार के सदस्यों का सुराग नहीं मिला है। एसओ खरखौदा के अनुसार रोहिंग्या के परिवार के9 सदस्य फरार हैं। एटीएस मेरठ, मुरादाबाद की टीम ने 24 जुलाई को अलीपुर गांव में छापा मारा था।

यहां म्यांमार के मोंडू जिला निवासी मूसा कलीम के परिवार के 10 सदस्यों को हिरासत में लिया था। ये सभी यहां किराए पर रहते हैं। इसमें से छह ने यूएनएससीआर यानि यूनाइटेड हाई कमिश्नर फॉर रिफ्यूजी कार्ड दिखा दिया था। जबकि 4 सदस्यों पर कार्ड नहीं था। उन्हें एटीएस ने 31 जुलाई तक कार्ड दिखाने का समय दिया था। लेकिन 26 जुलाई से यह पूरा परिवार घर पर ताला डालकर फरार है।

बताया जा रहा है यह परिवार यहां 12 साल से किराए पर पर रह रहा है। मीट फैक्ट्रियों में काम करने जाता है। एसओ खरखौदा राजीव कुमार के अनुसार रोहिंग्या परिवार को 31 जुलाई तक का समय दिया गया था। इलाके में सर्च आॅपरेशन भी करा रहे हैं। परिवार अगर लखनऊ एटीएस मुख्यालय में नहीं पहुंचा तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

छेड़खानी का विरोध करने पर कारतूस की फोटो भेजी

मेरठ: भावनपुर थाना क्षेत्र के अब्दुल्लापुर में एक दबंग व्यक्ति ने महिला से छेड़छाड़ की। महिला ने विरोध किया आरोपी ने देवर को जान से मारने की धमकी दी और कारतूस हाथ में लेकर फोटो देवर को भेज दिए। पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बताया कि 26 जुलाई को अब्दुल्लापुर की रहने वाली एक महिला से अंकुश ने छेड़छाड़ की और जब छेड़छाड़ का विरोध किया गया तो आरोपी अंकुश ने महिला के देवर को डराने के लिए हाथों में कारतूस लेकर फोटो भेजें और जान से मारने की धमकी दी।

पीड़ित महिला और उसके देवर का आरोप है कि अंकुश कई बार छेड़छाड़ की घटना को अंजाम दे चुका है और इस बार तो हद हो गई जब उसने कारतूस का फोटो महिला के देवर को भेजा और डराने का प्रयास किया साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है और उस को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसपी देहात कमलेश बहादुर ने बताया कि दो दिन पहले एक यह मामला संज्ञान में आया था जिसमें कार्यवाही करते हुए आर्म्स एक्ट की धारों में आरोपी को जेल भेज दिया है।

- Advertisement -

Recent Comments