जनवाणी ब्यूरो |
देहरादून: विगत 3 माह से वेतन नहीं मिलने से आक्रोशित अशासकीय शिक्षकों के कल हुए प्रदेश भर में हुए आंदोलन के फल स्वरुप सरकार ने प्रदेश के अशासकीय विद्यालयों के शिक्षको के वेतन हेतु 230 करोड़ की ग्रांट जारी कर दी गई है, जिसके लिए उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक संघ ने सरकार का आभार जताते हुए राजकीय शिक्षकों की तरह ही अशासकीय शिक्षकों को भी प्रतिमाह पहले सप्ताह में वेतन देने की मांग की है।
उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रदीप त्यागी ने बताया कि राज्य के अशासकीय विद्यालयों को इस वित्तीय वर्ष में लगातार अनियमित रूप से वेतन मिल रहा है। विगत 3 माह का वेतन दीपावली पर भी न मिलने से प्रदेशभर के शिक्षकों ने कल उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर आंदोलन किया, जिसके परिणाम स्वरूप सरकार ने कल शाम 230 करोड रुपए की वेतन करोड़ ग्रांट जारी कर दी है।
इस धनराशि से 28 करोड 47 लाख रुपए की ग्रांट हरिद्वार जनपद को मिली है जिससे जनपद के अशासकीय शिक्षकों को 6 महीने अर्थात जनवरी 2021 तक का वेतन मिल जाएगा। संघ के लगातार प्रयासों से वेतनग्रांट जारी होने से दीपावली से पहले संभवत कल तक शिक्षकों के खाते में उनकी वेतन धनराशि ट्रांसफर कर दी जाएगी।
संघ पदाधिकारी दीपावली से पहले वेतन देने हेतु लगातार विभाग एवं ट्रेजरी पर दबाव बनाए हुए हैं। दीपावली पर 3 माह का वेतन मिलने से शिक्षकों में खुशी है।
उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ अनिल शर्मा, महामंत्री जगमोहन सिंह रावत, प्रदेश उपाध्यक्ष प्रदीप त्यागी, विजय वर्मा, जिला अध्यक्ष राजेश सैनी, जिलामंत्री जितेंद्र पुंडीर, प्रदेश संरक्षक भोपाल सिंह सैनी, अशोक आर्य, अविनाश शर्मा, वीरेंद्र प्रभु आदि संघ पदाधिकारियों ने दीपावली से पहले 6 माह की वेतन ग्रांट जारी करने पर सरकार का आभार जताते हुए भविष्य में राजकीय शिक्षकों की तरह ही अशासकीय शिक्षकों को भी प्रतिमाह पहले सप्ताह में ही नियमित रूप से वेतन जारी करने की मांग सरकार से की है।

